साउथ अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट सीरीज के लिए ऑस्ट्रेलियाई टीम में हार्पर और मैडिनसन शामिल

सिडनी। ऑस्ट्रेलिया ने साउथ अफ्रीका के खिलाफ डरबन में होने वाले पहले टेस्ट मैच के लिए अपनी टीम में विकेटकीपर-बल्लेबाज सैम हार्पर और बाएं हाथ के बल्लेबाज निक मैडिनसन को शामिल किया है। यह दोनों खिलाड़ी टीम में कवर के तौर पर जोड़े गए हैं, क्योंकि जोश इंग्लिस दाहिने हाथ की तर्जनी उंगली में फ्रैक्चर के कारण सीरीज के शुरुआती टेस्ट से बाहर हो गए हैं। इंगलिस को तीन मुकाबलों की सीरीज से पहले चोट लगी थी और वह पहला टेस्ट नहीं खेल पाएंगे, जबकि गकेबेरहा में होने वाले दूसरे मैच में उनके खेलने पर फैसला उनके ठीक होने की स्थिति के आधार पर लिया जाएगा। हार्पर को पुडुचेरी में इंडिया-ए के खिलाफ हालिया सीरीज में ऑस्ट्रेलिया-ए के लिए शानदार प्रदर्शन करने के बाद टीम में बुलाया गया है। इस विकेटकीपर-बल्लेबाज ने 128 रनों की शतकीय पारी खेली, जिससे सीनियर टीम में उनकी जगह बनाने की दावेदारी मजबूत हुई। वहीं, मैडिनसन लगभग एक दशक बाद टेस्ट क्रिकेट में वापसी कर सकते हैं। 33 वर्षीय खिलाड़ी ने आखिरी बार 2016 में ऑस्ट्रेलिया के लिए टेस्ट मैच खेला था और उसके बाद से उन्हें मुश्किल दौर से गुजरना पड़ा, जिसमें टेस्टिकुलर कैंसर का इलाज भी शामिल था। मैडिनसन के शामिल होने से सीरीज से पहले ऑस्ट्रेलिया की बल्लेबाजी लाइनअप और मजबूत होगी, साथ ही लंबे समय बाद सबसे लंबे फॉर्मेट में उनकी संभावित वापसी भी होगी। ऑस्ट्रेलिया के लिए ऑलराउंडर कैमरन ग्रीन की फिटनेस को लेकर भी चिंता बनी हुई है, जिनका डरबन टेस्ट में खेलना अभी तय नहीं है। साउथ अफ्रीका के खिलाफ आखिरी वनडे मैच में बल्लेबाजी के दौरान ग्रीन के पेट के निचले हिस्से में खिंचाव गया था। सीरीज के पहले मैच में उनके खेलने पर फैसला लेने से पहले अगले एक हफ्ते तक उनकी स्थिति पर नजर रखी जाएगी। ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका के बीच टेस्ट सीरीज 9 अक्टूबर को डरबन में शुरू होगी, जबकि दूसरा टेस्ट 18 अक्टूबर से गकेबेरहा में और तीसरा टेस्ट 27 अक्टूबर से जोहान्सबर्ग में खेला जाएगा। तीन मैचों की यह टेस्ट सीरीज आईसीसी विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (डब्ल्यूटीसी) 2025-27 चक्र का हिस्सा है। फिलहाल ऑस्ट्रेलिया अंक तालिका में शीर्ष स्थान पर है, जबकि मौजूदा चैंपियन साउथ अफ्रीका दूसरे स्थान पर काबिज है। दोनों टीमें डब्ल्यूटीसी अंक तालिका में अपनी स्थिति और मजबूत करने के इरादे से मैदान में उतरेंगी, क्योंकि उनका लक्ष्य प्रतिष्ठित द ओवल में खेले जाने वाले विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल में जगह बनाना है।

पश्चिम बंगाल: दीपक ब्यापारी मामले की सुनवाई के दौरान कोलकाता अदालत में झड़प

कोलकाता। गुरुवार दोपहर गिरफ्तार यूट्यूबर दीपक ब्यापारी को कोलकाता के बैंकशाल कोर्ट में पेश किए जाने के बाद, प्रदर्शनकारियों और वकीलों के बीच अंडे फेंके जाने को लेकर झड़प हुई। दीपक ब्यापारी को अदालत परिसर में देखते ही कुछ प्रदर्शनकारियों ने नारे लगाने शुरू कर दिए। आरोप है कि आरोपी पर अंडे भी फेंके गए। वकीलों के एक समूह ने अदालत परिसर में अंडे फेंके जाने पर आपत्ति जताई। विरोध के बावजूद प्रदर्शनकारियों ने कथित तौर पर अंडे फेंकना जारी रखा, जिससे दोनों पक्षों के बीच झड़प हुई और देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई। आरोप है कि प्रदर्शनकारियों ने पहले उन दो वकीलों पर हमला किया जिन्होंने अंडे फेंके जाने पर आपत्ति जताई थी। इसके बाद स्थिति बेकाबू हो गई। वकीलों के एक समूह ने कथित तौर पर एक प्रदर्शनकारी का पीछा किया और उसे पकड़ लिया। स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए पुलिसकर्मियों को हस्तक्षेप करना पड़ा। दीपक ब्यापारी के खिलाफ दो शिकायतें दर्ज की गई हैं। पुलिस के अनुसार, उन्हें पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी के बारे में सोशल मीडिया पर कथित तौर पर अपमानजनक टिप्पणी करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। इस मामले में उन्हें गुरुवार को बैंकशाल कोर्ट में पेश किया गया। हालांकि, दीपक ब्यापारी पर एक और गंभीर आरोप है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) के अनुसार, केंद्रीय एजेंसी और पुलिस राष्ट्र-विरोधी गतिविधियों में संलिप्तता के आरोपों को लेकर लंबे समय से उनकी तलाश कर रही थी। एनआईए ने उन्हें सोमवार शाम करीब 4:30 बजे तमिलनाडु के कोयंबटूर में गिरफ्तार किया। दीपक ब्यापारी फेसबुक और यूट्यूब पर समकालीन राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों पर विवादास्पद और तीखी टिप्पणियां करने के लिए जाने जाते हैं। उनकी टिप्पणियों और गतिविधियों पर केंद्रीय खुफिया एजेंसियों की नजर पड़ने के बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया। उनके खिलाफ जासूसी का एक मामला भी दर्ज है। मई में, एनआईए ने कोलकाता निवासी जफर रियाज को जासूसी और पाकिस्तान के लिए कथित भारत-विरोधी गतिविधियों से संबंधित आरोपों में गिरफ्तार किया। एनआईए ने आरोपी के खिलाफ पहले ही लुकआउट नोटिस जारी कर दिया था। जांच एजेंसी का दावा है कि जफर रियाज की पत्नी पाकिस्तानी नागरिक हैं और उनका बच्चा भी पाकिस्तानी नागरिक है। एनआईए को संदेह है कि यूट्यूबर दीपक ब्यापारी का कथित नेटवर्क से गुप्त संबंध हो सकता है, और केंद्रीय एजेंसी इसी आधार पर जांच का दायरा बढ़ा रही है।

बरेली: मौलाना शहाबुद्दीन का इंडिया ब्लॉक पर निशाना, कहा- मुसलमानों के मुद्दे बैठक से गायब रहे

बरेली। ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन ने इंडिया ब्लॉक की बैठक में मुसलमानों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा नहीं होने को लेकर विपक्षी दलों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि देश के करोड़ों मुसलमान उम्मीद कर रहे थे कि बैठक में उनके सामने मौजूद सामाजिक और धार्मिक मुद्दों पर चर्चा होगी, लेकिन नेताओं ने मुख्य रूप से अपने राजनीतिक हितों और चुनावी मुद्दों पर बात की। मौलाना शहाबुद्दीन ने कहा कि इंडिया ब्लॉक की बैठक में मल्लिकार्जुन खड़गे, राहुल गांधी और ममता बनर्जी समेत कई नेताओं ने अपनी बात रखी, लेकिन मुसलमानों से जुड़े मुद्दों को जगह नहीं मिली। उन्होंने समान नागरिक संहिता (यूसीसी), मदरसों से जुड़े फैसलों और विभिन्न स्थानों पर धार्मिक स्थलों को लेकर उठे विवादों का जिक्र करते हुए कहा कि इन विषयों पर विपक्षी गठबंधन से चर्चा की उम्मीद थी। उन्होंने आरोप लगाया कि मुसलमानों के वोट की जरूरत तो राजनीतिक दलों को है, लेकिन उनकी समस्याओं और चिंताओं पर चर्चा करने में रुचि नहीं दिखाई जाती। मुसलमानों से जुड़े मुद्दों को राजनीतिक मंचों पर उठाने की जरूरत है और केवल चुनाव के समय समर्थन मांगना पर्याप्त नहीं है। पंजाब को नशामुक्त करने को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान का मौलाना शहाबुद्दीन ने समर्थन किया। उन्होंने कहा कि नशा युवाओं के साथ-साथ पूरे परिवार को प्रभावित करता है। अगर परिवार का कोई युवा नशे की गिरफ्त में आ जाता है तो उसकी पढ़ाई, स्वास्थ्य और तरक्की प्रभावित होती है और इसका असर परिवार के दूसरे सदस्यों पर भी पड़ता है। नशे के खिलाफ अभियान केवल पंजाब तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि पूरे देश को नशामुक्त करने के लिए प्रयास होने चाहिए। मौलाना ने इस्लाम में नशे को प्रतिबंधित बताए जाने का हवाला देते हुए मुस्लिम समाज से भी नशे से दूर रहने की अपील की। उत्तर प्रदेश में राज्यसभा चुनाव को लेकर मौलाना शहाबुद्दीन ने समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव पर भी सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि सपा ने प्रोफेसर राम गोपाल यादव के साथ धनराज नथवानी को उम्मीदवार बनाया है और इसी को लेकर उन्होंने अखिलेश यादव से सवाल किया कि पार्टी के पास मुस्लिम नेताओं के नामों की कमी क्यों रही। उन्होंने अबू आसिम आजमी, सलीम इकबाल शेरवानी और आजम खान के परिवार का जिक्र करते हुए कहा कि सपा में मुस्लिम नेतृत्व से जुड़े कई नाम मौजूद हैं, जिन्हें राज्यसभा भेजा जा सकता था। मुस्लिम नेतृत्व को प्रतिनिधित्व नहीं मिलने से समुदाय में सवाल उठ रहे हैं। मौलाना शहाबुद्दीन ने धनराज नथवानी के नाम को लेकर अखिलेश यादव से गुजरात लॉबी से कथित कनेक्शन और बीजेपी से संबंधों को लेकर सवाल किए। उन्होंने कहा कि सपा प्रमुख को इस पर स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। इसके साथ ही, शहाबुद्दीन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से लोहिया ट्रस्ट, समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव समेत सपा परिवार से जुड़े लोगों के खातों की जांच कराने की मांग भी की। उन्होंने कहा कि वित्तीय मामलों की जांच होनी चाहिए और यदि कोई अनियमितता है तो वह सामने आनी चाहिए।

एचडीएफसी बैंक को मिला नया नेतृत्व, अनूप बागची होंगे अगले एमडी और सीईओ; 27 अक्टूबर से संभालेंगे जिम्मेदारी

मुंबई। देश के सबसे बड़े निजी क्षेत्र के बैंक एचडीएफसी बैंक ने नेतृत्व परिवर्तन की घोषणा करते हुए अनूप बागची को अपना अगला प्रबंध निदेशक (एमडी) और मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) नियुक्त किया है। बैंक ने गुरुवार को एक्सचेंज फाइलिंग में बताया कि इस नियुक्ति को भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की मंजूरी मिल चुकी है। वर्तमान में आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस के एमडी एवं सीईओ के रूप में कार्यरत अनूप बागची 27 अक्टूबर 2026 से नई जिम्मेदारी संभालेंगे। वह मौजूदा एमडी एवं सीईओ शशिधर जगदीशन का स्थान लेंगे, जिनका कार्यकाल 26 अक्टूबर 2026 को समाप्त हो रहा है। जगदीशन ने अगले कार्यकाल के लिए पुनर्नियुक्ति नहीं मांगने का फैसला किया था। बैंक के बोर्ड ने गवर्नेंस, नॉमिनेशन एंड रेम्यूनरेशन कमेटी की सिफारिश पर 1 अक्टूबर को हुई बैठक में अनूप बागची की नियुक्ति को मंजूरी दी। बैंक ने बताया कि उन्हें 2 अक्टूबर 2026 से अतिरिक्त निदेशक (एडिशनल डायरेक्टर) के रूप में भी नियुक्त किया जाएगा। यह नियुक्ति कंपनी अधिनियम, 2013 के तहत शेयरधारकों की मंजूरी के अधीन होगी। एचडीएफसी बैंक ने कहा कि आरबीआई ने बैंकिंग विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 35बी के तहत अनूप बागची की नियुक्ति और उनके पारिश्रमिक को मंजूरी दे दी है। उन्हें 27 अक्टूबर 2026 से तीन वर्ष की अवधि के लिए बैंक का एमडी एवं सीईओ नियुक्त किया जाएगा। यह नियुक्ति देश के सबसे बड़े निजी बैंक में एक महत्वपूर्ण नेतृत्व परिवर्तन मानी जा रही है। इससे पहले बैंक ने शीर्ष पद के लिए RBI के पास दो नाम भेजे थे। इनमें अनूप बागची और बैंक के उप प्रबंध निदेशक कैजाद भरूचा शामिल थे। बैंकिंग क्षेत्र में यह बदलाव ऐसे समय पर हो रहा है जब सेक्टर में कई बड़े नेतृत्व परिवर्तन देखने को मिल रहे हैं। इसी दिन कोटक महिंद्रा बैंक ने भी अनूप कुमार साहा को अपना नया एमडी एवं सीईओ नियुक्त करने की घोषणा की थी। बाजार ने भी इस नियुक्ति को सकारात्मक रूप में लिया। घोषणा से पहले नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) परएचडीएफसी बैंक का शेयर 1.76 प्रतिशत बढ़कर 721.20 रुपए पर बंद हुआ। इससे संकेत मिलता है कि निवेशक बैंक के अगले नेतृत्व चरण को लेकर आशावादी नजर आ रहे हैं।

गांधी जयंती की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति का आह्वान, विकसित भारत के निर्माण में निभाएं अपनी भूमिका

नई दिल्ली। देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने गांधी जयंती की पूर्व संध्या पर राष्ट्र के नाम संदेश जारी किया है। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 157वीं जयंती के अवसर पर मैं सभी देशवासियों की ओर से उन्हें सादर श्रद्धांजलि अर्पित करती हूं। राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा कि विश्व समुदाय द्वारा गांधीजी के जीवन और आदर्शों को बहुत सम्मान दिया जाता है। आज विश्व के अनेक क्षेत्रों में अशांति और युद्ध का वातावरण है तथा सभी देशों पर इसका प्रभाव पड़ रहा है। ऐसी स्थितियों में महात्मा गांधी के शांति और अहिंसा के संदेश और अधिक प्रासंगिक हो जाते हैं। राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा कि वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनने के राष्ट्रीय लक्ष्य की ओर हमारा देश आगे बढ़ रहा है। विकास की इस यात्रा में संवेदनशीलता और समावेश के मूल्यों को प्राथमिकता दी जा रही है, ताकि कोई भी देशवासी विकास के लाभ से वंचित न रहे। यह महात्मा गांधी के ‘सर्वोदय’ के आदर्श के अनुरूप है, जिसमें सभी के कल्याण और उत्थान की भावना निहित है। उन्होंने देशवासियों से अपील करते हुए कहा कि आइए, गांधी जयंती के शुभ अवसर पर हम यह संकल्प लें कि अपने नैतिक आचरण तथा सक्रिय भागीदारी द्वारा आत्मनिर्भर, सशक्त और विकसित भारत के निर्माण में हम पूरी निष्ठा से अपना योगदान देंगे। भारत में 2 अक्टूबर को जहां गांधी जयंती के रूप में मनाया जाता है, वहीं 2007 में संयुक्त राष्ट्र द्वारा पारित एक प्रस्ताव के बाद दुनियाभर में इसे अंतरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस के रूप में आयोजित किया जाता है। संयुक्त राष्ट्र में इस प्रस्ताव को 140 से अधिक देशों ने समर्थन दिया था। इस दोहरे आयोजन की वजह से इस दिन का एक अनूठा महत्व है और इसकी जड़ें भारत की राष्ट्रीय स्मृति में निहित हैं तथा इसे मानवता के एक सार्वभौमिक संदेश के रूप में साझा किया जाता है। संयुक्त राष्ट्र में यह दिवस महासचिव के वक्तव्यों और गांधीजी के दर्शन को आज की वास्तविकताओं से जोड़ने वाले कार्यक्रमों के साथ मनाया जाता है। हाल के वर्षों में, इन संदेशों ने दुनिया भर में चल रहे संघर्षों की ओर इशारा किया है और दुनिया के देशों को यह याद दिलाया है कि सत्य और अहिंसा में गांधीजी का अटूट विश्वास किसी भी हथियार से कहीं अधिक शक्तिशाली है। भारत में, यह स्मरणोत्सव राजघाट पर श्रद्धांजलि अर्पित करने, सांस्कृतिक एवं शैक्षिक कार्यक्रमों, और गांधीजी के आदर्शों को रेखांकित करने वाले जन अभियानों के रूप में मनाया जाता है। पिछले कई वर्षों से, ये स्मरणोत्सव औपचारिकता से परे जाकर राष्ट्रीय मिशनों – स्वच्छता को बढ़ावा देने वाले स्वच्छ भारत अभियान से लेकर आत्मनिर्भरता के प्रतीक खादी एवं ग्रामीण उद्योगों के पुनरुद्धार तक को प्रेरित कर रहे हैं।

मेंस वनडे वर्ल्ड कप 2027: एक ही ग्रुप में भारत-पाकिस्तान, 10 अक्टूबर को हाईवोल्टेज मैच, यहां देखें पूरा शेड्यूल

केप टाउन। आईसीसी मेंस वनडे वर्ल्ड कप 2027 में भारत और पाकिस्तान को मौजूदा चैंपियन ऑस्ट्रेलिया के साथ ‘ग्रुप-ए’ में रखा गया है। दोनों टीमों के बीच 10 अक्टूबर को हाईवोल्टेज मैच खेला जाना है। ‘ग्रुप-ए’ में भारत, पाकिस्तान, ऑस्ट्रेलिया, अफगानिस्तान, सह-मेजबान जिम्बाब्वे और क्वालीफायर-ए से आने वाली टीम शामिल हैं। वहीं, ‘ग्रुप-बी’ में सह-मेजबान साउथ अफ्रीका, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड, श्रीलंका, बांग्लादेश और क्वालीफायर-बी शामिल हैं। साउथ अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया की मेजबानी में आईसीसी मेंस वनडे वर्ल्ड कप 2027 का आयोजन 2 अक्टूबर से 21 नवंबर के बीच होगा, जिसमें 14 टीमों के बीच 12 वेन्यू पर कुल 57 मैच खेले जाएंगे। यह 24 साल के लंबे अंतराल के बाद अफ्रीकी धरती पर इस बड़े 50-ओवर टूर्नामेंट की वापसी का भी प्रतीक है, जिसमें भारत और पाकिस्तान का एक ही पूल में होना, एक हाईवोल्टेज मुकाबले की गारंटी देता है। अफ्रीका ने आखिरी बार साल 2003 में इस प्रमुख टूर्नामेंट की मेजबानी की थी, उस समय साउथ अफ्रीका, जिम्बाब्वे और केन्या ने इस इवेंट के आठवें संस्करण के लिए सह-मेजबानी की थी। अपनी आईसीसी रैंकिंग और स्टेटस के आधार पर 10 टीमों ने सीधे क्वालिफिकेशन हासिल कर लिया है, जिनमें मेजबान साउथ अफ्रीका और जिम्बाब्वे के साथ भारत, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड, श्रीलंका, पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान शामिल हैं। साउथ अफ्रीका टूर्नामेंट के ज्यादातर मुकाबलों की मेजबानी आठ मैदानों पर करेगा। इनमें वांडरर्स स्टेडियम (जोहान्सबर्ग), सेंचुरियन (त्शवाने), न्यूलैंड्स (केप टाउन), किंग्समीड (डरबन), सेंट जॉर्ज पार्क (गेबेरहा), मंगांग ओवल (ब्लोमफोन्टेन), बोलैंड पार्क (पार्ल) और बफेलो पार्क शामिल हैं। जिम्बाब्वे हरारे स्पोर्ट्स क्लब (हरारे), क्वींस स्पोर्ट्स क्लब (बुलावायो) और विक्टोरिया फॉल्स में हाल ही में बने फाले मोसी-ओआ-तुन्या इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में मुकाबलों की मेजबानी करेगा। नामीबिया अपने वर्ल्ड कप मैच विंडहोक में हाल ही में बने नामीबिया क्रिकेट ग्राउंड पर खेलेगा। टूर्नामेंट की शुरुआत एक प्री-टूर्नामेंट क्वालीफायर ‘सुपर सीरीज’ से होगी, जिसमें 12वें, 13वें और 14वें नंबर की टीमें मुख्य प्रतियोगिता के लिए आखिरी क्वालीफाइंग जगह पाने के लिए खेलेंगी। क्वालीफाई करने वाली टीम फिर ग्रुप स्टेज के लिए टॉप 11 टीमों के साथ मिलकर छह-छह टीमों के दो ग्रुप में शामिल होगी। प्रत्येक ग्रुप की टॉप तीन टीमें और कुल मिलाकर अगली सबसे अच्छी रैंकिंग वाली टीम, 7 टीमों वाले ‘सुपर 7’ राउंड-रॉबिन फेज में आगे बढ़ेंगी। सुपर 7 स्टेज की टॉप चार टीमें सेमीफाइनल में पहुंचेंगी और सेमीफाइनल की विजेता टीमें फाइनल में भिड़ेंगी। पहला सेमीफाइनल 17 नवंबर को केप टाउन में और दूसरा 18 नवंबर को त्शवाने में खेला जाएगा। दोनों सेमीफाइनल के लिए एक ‘रिजर्व डे’ भी होगा। फाइनल 21 नवंबर को जोहान्सबर्ग में होगा, जिसके लिए 22 नवंबर को ‘रिजर्व डे’ के तौर पर रखा जाएगा। आईसीसी मेंस वनडे वर्ल्ड कप 2027 का पूरा शेड्यूल: सुपर सीरीज: 2 अक्टूबर 2027: क्वालीफायर 1 बनाम क्वालीफायर 3 (विंडहोक) 4 अक्टूबर 2027: क्वालीफायर 1 बनाम क्वालीफायर 2 (विंडहोक) 6 अक्टूबर 2027: क्वालीफायर 2 बनाम क्वालीफायर 3 (विंडहोक) ग्रुप स्टेज: 7 अक्टूबर 2027: भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया (केप टाउन) 8 अक्टूबर 2027: पाकिस्तान बनाम अफगानिस्तान (त्शवाने) 8 अक्टूबर 2027: इंग्लैंड बनाम बांग्लादेश (विंडहोक) 9 अक्टूबर 2027: जिम्बाब्वे बनाम क्वालीफायर ए (बुलावायो) 9 अक्टूबर 2027: साउथ अफ्रीका बनाम न्यूजीलैंड (केप टाउन) 10 अक्टूबर 2027: भारत बनाम पाकिस्तान (जोहान्सबर्ग) 10 अक्टूबर 2027: श्रीलंका बनाम क्वालीफायर बी (विंडहोक) 11 अक्टूबर 2027: जिम्बाब्वे बनाम अफगानिस्तान (बुलावायो) 12 अक्टूबर 2027: ऑस्ट्रेलिया बनाम क्वालीफायर ए (पार्ल) 12 अक्टूबर 2027: न्यूजीलैंड बनाम बांग्लादेश (कुगोम्पो सिटील) 13 अक्टूबर 2027: इंग्लैंड बनाम श्रीलंका (विंडहोक) 13 अक्टूबर 2027: साउथ अफ्रीका बनाम क्वालीफायर बी (पार्ल) 14 अक्टूबर 2027: भारत बनाम अफगानिस्तान (त्शवाने) 15 अक्टूबर 2027: पाकिस्तान बनाम क्वालीफायर ए (ब्लोमफोनटेन) 15 अक्टूबर 2027: जिम्बाब्वे बनाम ऑस्ट्रेलिया (हरारे) 16 अक्टूबर 2027: श्रीलंका बनाम बांग्लादेश (डरबन) 16 अक्टूबर 2027: साउथ अफ्रीका बनाम इंग्लैंड (गेबेरहा) 17 अक्टूबर 2027: भारत बनाम क्वालीफायर ए (ब्लोमफोनटेन) 17 अक्टूबर 2027: न्यूजीलैंड बनाम क्वालीफायर बी (हरारे) 18 अक्टूबर 2027: ऑस्ट्रेलिया बनाम अफगानिस्तान (कुगोम्पो सिटील) 19 अक्टूबर 2027: जिम्बाब्वे बनाम पाकिस्तान (हरारे) 19 अक्टूबर 2027: साउथ अफ्रीका बनाम बांग्लादेश (डरबन) 20 अक्टूबर 2027: न्यूजीलैंड बनाम श्रीलंका (जोहान्सबर्ग) 20 अक्टूबर 2027: इंग्लैंड बनाम क्वालीफायर बी (हरारे) 21 अक्टूबर 2027: अफगानिस्तान बनाम क्वालीफायर ए (कुगोम्पो सिटील) 22 अक्टूबर 2027: ऑस्ट्रेलिया बनाम पाकिस्तान (पार्ल) 22 अक्टूबर 2027: साउथ अफ्रीका बनाम श्रीलंका (जोहान्सबर्ग) 23 अक्टूबर 2027: इंग्लैंड बनाम न्यूजीलैंड (गेबेरहा) 23 अक्टूबर 2027: बांग्लादेश बनाम क्वालीफायर बी (त्शवाने) 24 अक्टूबर 2027: जिम्बाब्वे बनाम भारत (विक्टोरिया फॉल्स) सुपर 7 स्टेज: 25 अक्टूबर 2027: ए 2 बनाम बी 3 (जोहान्सबर्ग) 26 अक्टूबर 2027: बी 1 बनाम ए 3 (गेबेरहा) 27 अक्टूबर 2027: बी 2 बनाम एबी 4 (त्शवाने) 28 अक्टूबर 2027: ए 1 बनाम ए 2 (विक्टोरिया फॉल्स) 29 अक्टूबर 2027: बी 1 बनाम बी 3 (कुगोम्पो सिटील) 30 अक्टूबर 2027: ए 3 बनाम एबी 4 (विक्टोरिया फॉल्स) 31 अक्टूबर 2027: बी 2 बनाम ए 1 (जोहान्सबर्ग) 1 नवंबर 2027: ए 2 बनाम बी 1 (विक्टोरिया फॉल्स) 2 नवंबर 2027: बी 3 बनाम एबी 4 (केप टाउन) 3 नवंबर 2027: बी 2 बनाम ए 3 (डरबन) 4 नवंबर 2027: ए 1 बनाम बी 1 (पार्ल) 5 नवंबर 2027: ए 2 बनाम एबी 4 (डरबन) 6 नवंबर 2027: बी 2 बनाम बी 3 (ब्लोमफोनटेन) 7 नवंबर 2027: ए 1 बनाम ए 3 (केप टाउन) 8 नवंबर 2027: बी 1 बनाम एबी 4 (डरबन) 9 नवंबर 2027: बी 2 बनाम ए 2) (गेबेरहा) 10 नवंबर 2027: ए 3 बनाम बी 3 (ब्लोमफोनटेन) 11 नवंबर 2027: ए 1 बनाम एबी 4 (गेबेरहा) 12 नवंबर 2027: बी 2 बनाम बी 1 (केप टाउन) 13 नवंबर 2027: ए 2 बनाम ए 3 (ब्लोमफोनटेन) 14 नवंबर 2027: ए 1 बनाम बी 3 (डरबन) 17 नवंबर 2027: सेमीफाइनल 1 (केप टाउन) 18 नवंबर 2027: सेमीफाइनल 2 (त्शवाने) 21 नवंबर 2027: फाइनल

राष्ट्रीय दिवस की छुट्टियों के पहले दिन रेलवे में भारी भीड़

बीजिंग। चीनी राज्य रेलवे समूह के अनुमान के अनुसार, 1 अक्तूबर को पूरे चीन में रेलवे से करीब 2 करोड़ 48 लाख यात्रियों के सफर करने की उम्मीद है। यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए 2,324 अतिरिक्त यात्री ट्रेनें चलाई जाएंगी। इससे एक दिन पहले, 30 सितंबर को पूरे चीन में रेलवे से 1 करोड़ 95 लाख 42 हजार यात्रियों ने सफर किया। राष्ट्रीय दिवस की छुट्टियों के दौरान रेल यात्रा की मांग बढ़ गई है। ट्रेन टिकटों की प्री-सेल स्थिति के अनुसार, यात्रियों के प्रस्थान के लिए लोकप्रिय शहरों में पेइचिंग, क्वांगचो, शांगहाई, छंगतू, शनचन, वूहान, शीआन, हांगचो, चंगचो और छोंगछिंग शामिल हैं। वहीं, यात्रियों के पहुंचने के लिए लोकप्रिय शहरों में क्वांगचो, पेइचिंग, छंगतू, शांगहाई, हांगचो, वूहान, शीआन, छांगशा, शनचन और चंगचो शामिल हैं। यात्रियों की भारी भीड़ और बढ़ती यात्रा मांग को देखते हुए विभिन्न क्षेत्रों के रेलवे विभागों ने लोकप्रिय रूटों, प्रमुख स्टेशनों और व्यस्त समय के दौरान परिवहन क्षमता बढ़ाई है, ताकि यात्रियों की यात्रा को सुचारु बनाया जा सके।

पंजाब: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भाजपा नेता के आवास पर किया भोजन

जालंधर। पंजाब भाजपा के उपाध्यक्ष राकेश राठौर के घर पर बुधवार को केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह पहुंचे, जहां उन्होंने सभी के साथ बैठकर भोजन किया। इस दौरान राकेश राठौर और उनके परिवार की ओर से अमित शाह का स्वागत किया गया। भोजन के दौरान की तस्वीरें भी सामने आई हैं, जिनमें अमित शाह, सरदार केवल सिंह ढिल्लों सहित भाजपा के वरिष्ठ नेता मौजूद थे। अमित शाह बुधवार को जालंधर पहुंचे थे, जहां उन्होंने श्री देवी तालाब मंदिर में माथा टेका। इसके बाद उन्होंने परागपुर में भाजपा की ‘नशा मुक्त पंजाब यात्रा’ के समापन समारोह में रैली को संबोधित किया। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नशे के खिलाफ अपने संबोधन में आम आदमी पार्टी को निशाने पर लिया। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने नशे के तस्करों के खिलाफ पीआईटी-एनडीपीएस का कानून बनाया, जिसके तहत देशभर में 5000 से अधिक तस्कर जेल पहुंचाए गए। मगर जहां सबसे अधिक नशा बिकता है, उस पंजाब में इस वर्ष भी एक कार्रवाई क्यों नहीं हुई, मुख्यमंत्री भगवंत मान को जवाब देना चाहिए। उन्होंने कहा कि जो दिल्ली में शराब घोटाले में पकड़े गए हों, वे पंजाब को नशा मुक्त नहीं कर सकते। हम पंजाब के युवाओं और माताओं का भविष्य बर्बाद नहीं होने देंगे। पंजाब ने कांग्रेस और ‘आप’ दोनों को देख लिया, एक बार पांच वर्ष के लिए भाजपा को मौका दीजिए, हम नशा मुक्त पंजाब बनाकर दिखाएंगे। जो पंजाब पूरे देश के लिए धान-गेहूं उगाता है और देश की सुरक्षा करता है, आज वहां माताएं नशे के खिलाफ सड़कों पर उतरकर अपने बच्चों की जिंदगी बचाने की गुहार लगा रही हैं। नशे से अपने बच्चों को खो चुकी माताओं से मिला हूं, वे कहती हैं कि हमारे बच्चे तो नहीं बचे, लेकिन बाकी बच्चों को बचा लीजिए। अमित शाह ने आगे कहा कि नशे में धुत होकर स्वयं गुरुओं का अपमान करने वाले पंजाब को चिट्टे से मुक्त नहीं कर सकते। यह काम केवल भाजपा ही कर सकती है। भाजपा ने जो कहा, वो करके दिखाया है, चाहे कश्मीर से धारा 370 समाप्त कर आतंकवाद पर प्रहार हो या फिर 50 साल पुरानी नक्सल समस्या को तिथि बताकर समाप्त करना हो या फिर नॉर्थ-ईस्ट के उग्रवाद पर निर्णायक प्रहार हो। अब संकल्प है पंजाब को चिट्टा-मुक्त बनाने का है। 31 दिसंबर 2029 के बाद पंजाब के बच्चों तक चिट्टा पहुंचाने वाला कोई नहीं बचेगा। नशा तस्करों को चुन-चुनकर जेल भेजा जाएगा।

दिल्ली : 23 करोड़ के सड़क टेंडर को लेकर एसीबी पहुंची ‘आप’, सौरभ भारद्वाज ने लगाया भ्रष्टाचार का आरोप

नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी (आप) के नेता सौरभ भारद्वाज ने तिलक नगर विधानसभा क्षेत्र में लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के करीब 23 करोड़ रुपए के सड़क टेंडर में कथित भ्रष्टाचार को लेकर एंटी करप्शन ब्रांच (एसीबी) में शिकायत दी है। सौरभ भारद्वाज के साथ आप नेता जरनैल सिंह और संजीव झा भी मौजूद रहे। सौरभ भारद्वाज ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इसकी जानकारी देते हुए आरोप लगाया कि सड़क निर्माण में निर्धारित प्रक्रिया और सरकारी धन के इस्तेमाल में भ्रष्टाचार हुआ है। उन्होंने कहा, “आज हम एसीबी गए और हमने डीसीपी से मुलाकात की और शिकायत दी। शिकायत यह है कि पीडब्ल्यूडी का एक 23 करोड़ रुपए का टेंडर हुआ, जिसमें तय मानकों के हिसाब से मोटी सड़क बननी थी। सबने देखा है कि तय मानकों के हिसाब से सड़क नहीं बनाई गई, इसलिए वह हाथ से भी उखड़ रही है।” भारद्वाज ने आरोप लगाया कि सड़क निर्माण में बड़े स्तर पर भ्रष्टाचार हुआ है। उन्होंने दावा किया कि साहिब नाम का एक 22 वर्षीय युवक सड़क की स्थिति और पूरे मामले को मोबाइल फोन पर रिकॉर्ड कर रहा था। इसी दौरान दिल्ली सरकार के मंत्री प्रवेश वर्मा वहां मौजूद थे। आप नेता ने आरोप लगाया कि मंत्री ने अधिकारियों की जवाबदेही तय करने या मामले की जांच कराने का भरोसा देने के बजाय विभाग और सड़क निर्माण का बचाव किया। भारद्वाज ने दावा किया, “मंत्री ने लड़के के हाथ से फोन छीन लिया और उसे थप्पड़ मारा। प्रवेश वर्मा पर भ्रष्टाचार से जुड़े सबूत मिटाने और आपराधिक धमकी देने जैसे मामले बनते हैं।” उन्होंने कहा कि दिल्ली पुलिस की ओर से उनकी मांग के मुताबिक मामला दर्ज नहीं किए जाने के कारण आप नेता कथित भ्रष्टाचार के मामले में एफआईआर दर्ज कराने की मांग लेकर एसीबी पहुंचे हैं। भारद्वाज ने कहा, “हम चुप नहीं बैठेंगे।” यह मामला तिलक नगर में नवनिर्मित सड़क को लेकर जारी विवाद से जुड़ा है। इससे पहले आप संयोजक अरविंद केजरीवाल ने राज्यसभा सांसद संजय सिंह, विधायक जरनैल सिंह और अन्य नेताओं के साथ सड़क का निरीक्षण किया था। केजरीवाल ने आरोप लगाया था कि कुछ दिन पहले बनाई गई सड़क की सतह हाथ से उखड़ रही है। उन्होंने सड़क निर्माण में कथित अनियमितताओं की जांच की मांग की थी। सड़क के निरीक्षण से एक दिन पहले मंत्री प्रवेश वर्मा पर एक युवक को कथित तौर पर थप्पड़ मारने का आरोप लगा था। इस मामले में दिल्ली पुलिस ने वर्मा के खिलाफ नॉन-कॉग्निजेबल रिपोर्ट (एनसीआर) दर्ज की थी। दूसरी ओर, तिलक नगर में अरविंद केजरीवाल के दौरे के दौरान एक पुलिसकर्मी के साथ कथित मारपीट के मामले में दिल्ली पुलिस ने सौरभ भारद्वाज, जरनैल सिंह, साहिब सिंह और आप कार्यकर्ताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। पुलिस के अनुसार, हेड कांस्टेबल अशोक कुमार सादे कपड़ों में वीडियोग्राफी ड्यूटी पर तैनात थे। आरोप है कि इस दौरान आप समर्थकों की भीड़ ने उन्हें घेर लिया और उनके साथ मारपीट की। घटना के बाद उनका मेडिकल परीक्षण कराया गया था। इस मामले में सरकारी कर्मचारी को ड्यूटी करने से रोकने और सरकारी कर्मचारी के साथ कथित मारपीट से संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया गया था। जरनैल सिंह के खिलाफ भी सरकारी कर्मचारियों के काम में कथित तौर पर बाधा डालने के मामले में एफआईआर दर्ज हुई थी। अब सौरभ भारद्वाज ने 23 करोड़ रुपए के सड़क टेंडर और निर्माण की गुणवत्ता को लेकर एसीबी का रुख किया है। उन्होंने इस मामले में जांच और एफआईआर दर्ज करने की मांग की है।

सभी भारतीय मुसलमान धर्म-परिवर्तित हैं, उनके पूर्वज भगवान राम और कृष्ण हैं : बाबा रामदेव

मथुरा। योग गुरु बाबा रामदेव ने बुधवार को कहा कि भारत के सभी मुसलमान धर्म-परिवर्तित हैं। उन्हें ताकत और एकता पाने के लिए भगवान राम और भगवान कृष्ण को अपने पूर्वज के रूप में स्वीकार करना चाहिए। योग गुरु ने यह बात तब कही, जब एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि भारत में कोई भी राजनीतिक पार्टी नहीं चाहती कि मुसलमानों की अपनी स्वतंत्र राजनीतिक पहचान हो, और आरोप लगाया कि समुदाय को सिर्फ वोट बैंक बना दिया गया है। आईएएनएस से ​​बात करते हुए बाबा रामदेव ने कहा कि मैं अपने सभी मुस्लिम भाइयों से अपील करता हूं कि वे समझें कि हमारे प्राचीन ऋषि-मुनि उनके भी पूर्वज हैं, भगवान राम और भगवान कृष्ण भी उनके पूर्वज हैं। अगर मुसलमान अपनी जड़ों से जुड़ेंगे, तो कभी खुद को कमजोर महसूस नहीं करेंगे। उन्होंने आगे कहा कि ऐसा इसलिए है क्योंकि भारत में हर मुसलमान धर्म बदलकर मुसलमान बना है। अगर हिंदू और मुसलमान एकता के साथ रहेंगे, तो वे खुद भी मजबूत होंगे और देश भी मजबूत होगा। इस साल की शुरुआत में, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अल्पसंख्यक मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जमाल सिद्दीकी ने भी ऐसा ही बयान दिया था। सिद्दीकी ने कहा था कि जो मुसलमान राम और कृष्ण में विश्वास नहीं करते, उन्हें मुसलमान नहीं कहा जा सकता, साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि इन सम्मानित हस्तियों का इस्लामी आध्यात्मिक परंपरा में भी स्थान हो सकता है। एक इंटरव्यू में भाजपा नेता ने कहा कि सभी मुसलमान भगवान राम के वंशज हैं। इस बीच, बाबा रामदेव ने तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी की ओर से भगवान शिव और भगवान राम को लेकर की गई टिप्पणी पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि सनातन धर्म सदियों से अस्तित्व में है और आगे भी रहेगा। कुछ लोगों ने पहले जाति, वर्ग और समुदाय के आधार पर सनातन धर्म में फूट डालने की कोशिश की थी। अब वे दावा करते हैं कि भगवान राम अमीरों के देवता हैं और भगवान शिव गरीबों के देवता हैं। भगवान राम, श्री कृष्ण, हनुमान, भगवान शिव, उमा-महेश्वर, लक्ष्मी-नारायण, सीता-राम, राधा-कृष्ण या रुक्मिणी-कृष्ण के बीच कोई अंतर नहीं है। जो लोग ऐसी बांटने वाली सोच रखते हैं, वे सनातन के विरोधी हैं।