हर्षवर्धन राणे ने जॉन अब्राहम और राम गोपाल वर्मा को बताया अपना गुरु, शेयर की खास तस्वीरें

मुंबई। अभिनेता हर्षवर्धन राणे ने शिक्षक दिवस के अवसर पर उन लोगों को याद किया, जिन्होंने उन्हें एक बेहतर इंसान और इतने मुकाम तक पहुंचाने में मदद की। अभिनेता ने इंस्टाग्राम पर फोटो शेयर करते हुए उन रिश्तों की झलक दिखाई जो उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री में अपने सफर के दौरान बनाए हैं। पहली तस्वीर में अभिनेता हर्षवर्धन राणे एक्टर-प्रोड्यूसर जॉन अब्राहम के साथ हैं। दोनों एक तस्वीर में एक गर्मजोशी भरा पल शेयर करते दिख रहे हैं। एक और तस्वीर में फिल्ममेकर राम गोपाल वर्मा एक कुर्सी पर बैठे हैं, जबकि तीसरी फोटो में हर्षवर्धन एक्टिंग कोच सौरभ सचदेवा के साथ पोज देते हुए दिख रहे हैं। तस्वीर शेयर कर अभिनेता ने लिखा, “मेरे टीचर्स मेरे गॉडफादर के लिए। शिक्षक दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं।” इसके बाद उन्होंने एक और लाइन लिखी, “मैं उनसे सीख रहा हूं बस काम करते रहना।” अभिनेता हर्षवर्धन राणे जॉन अब्राहम को अपना मेंटर मानते हैं। बताया जाता है कि हर्षवर्धन राणे की जॉन से पहली मुलाकात 2004 में हुई थी, जब एक डिलीवरी बॉय के तौर पर उन्होंने जॉन अब्राहम को एक हेलमेट डिलीवर किया था। सालों बाद दोनों अब साथ में फिल्म ‘फोर्स-3’ में नजर आएंगे। जॉन अब्राहम इस फिल्म में एक बार फिर अपने लोकप्रिय और दमदार किरदार एसीपी यशवर्धन सिंह के रूप में लौट रहे हैं, जबकि हर्षवर्धन इस फिल्म में खलनायक (विलेन) या उनके आमने-सामने की टक्कर वाले रोल में दिखाई देंगे। फिल्ममेकर राम गोपाल वर्मा (आरजीवी) और अभिनेता हर्षवर्धन राणे के बीच का बॉन्ड सिनेमाई जूनून, आपसी सम्मान और एक बड़े क्रिएटिव बदलाव पर टिका है। क्राइम-थ्रिलर फिल्म ‘पुलिस कंपनी’ को राम गोपाल वर्मा डायरेक्ट कर रहे हैं, जो मुंबई एनकाउंटर स्पेशलिस्ट दया नायक की जिंदगी पर आधारित एक क्राइम थ्रिलर है, जिसमें एक्टर पुलिस वाले का रोल करेंगे। शूटिंग और फिजिकली मुश्किल रोल की तैयारी के साथ-साथ अभिनेता हर्षवर्धन राणे साइकोलॉजी (ऑनर्स) में बैचलर ऑफ आर्ट्स कर रहे हैं, जिसकी झलक वह अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर दिखाते रहते हैं।

लंदन स्क्वैश क्लासिक: अनाहत सिंह क्वार्टर फाइनल में मलेशिया की शिवसांगरी से हारीं

लंदन। भारत की अनाहत सिंह का लंदन स्क्वैश क्लासिक में सफर शुक्रवार को क्वार्टर फाइनल में हार के साथ समाप्त हो गया। मलेशिया की तीसरी सीड शिवसांगरी सुब्रमण्यम ने अनाहत को हराया। मौजूदा वर्ल्ड जूनियर चैंपियन अनाहत मुकाबले की शुरुआत से ही खुद को मजबूत करने के लिए संघर्ष कर रही थीं। शिवसांगरी ने रैलियों को नियंत्रित किया और लगातार अनाहत को कोर्ट के पीछे धकेलते हुए सिर्फ 17 मिनट में 11-4, 11-4 से जीत हासिल की। इस नतीजे के साथ यूएसडी 144,000 पीएसए गोल्ड इवेंट में अनाहत का सफर खत्म हो गया। भारतीय खिलाड़ी ने आठवीं सीड वाली बेल्जियम की नेले गिलिस को तीन गेम के कड़े मुकाबले में हराकर आखिरी आठ में जगह बनाई थी। लंदन स्क्वैश क्लासिक की पूर्व चैंपियन शिवसांगरी अब सेमीफाइनल में दूसरी सीड वाली मिस्र की अमीना ओरफी से भिड़ेंगी। मौजूदा वर्ल्ड चैंपियन ओरफी, मलेशियाई खिलाड़ी का इंतजार कर रही हैं। शिवसांगरी ने भारतीय युवा खिलाड़ी पर अपनी आसान जीत का क्रेडिट अपने टैक्टिकल अप्रोच और इंटेंसिटी बनाए रखने की क्षमता को दिया। मलेशियाई खिलाड़ी ने स्क्वैशटीवी से कहा, “मैं आज अपने खेल से खुश हूं। अनाहत बहुत प्रतिभावान खिलाड़ी है। उसने कुछ टॉप खिलाड़ियों को हराया है और उनमें से ज्यादातर को चुनौती दी है।” अनाहत के लिए, यह हार एशियन गेम्स में उनके लिए आने वाली चुनौती का शुरुआती संकेत भी देती है। शिवसांगरी अभी एशिया की सबसे ऊंची रैंक वाली खिलाड़ी हैं और उम्मीद है कि जब जापान में कॉन्टिनेंटल कॉम्पिटिशन शुरू होगा तो वह भारत की मुख्य मुश्किलों में से एक होंगी। एशियन गेम्स में दांव खास तौर पर अहम होंगे, क्योंकि एकल गोल्ड मेडलिस्ट 2028 लॉस एंजिल्स ओलंपिक्स के लिए क्वालीफिकेशन हासिल करेंगी, जहां स्क्वैश का लंबे समय से इंतजार किया जा रहा है। एशियन गेम्स पर अपना पूरा ध्यान लगाने से पहले अनाहत को एक और टूर्नामेंट खेलना है। वह 12 सितंबर से कतर क्लासिक में हिस्सा लेने वाली हैं।

यूपी : मुख्यमंत्री योगी का वाराणसी दौरा, बाढ़ की स्थिति की करेंगे समीक्षा

वाराणसी। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को वाराणसी के दौरे पर है, जहां वह बाढ़ की स्थिति का जायजा ले सकते है और शहर में आई बाढ़ से प्रभावित लोगों को दी जा रही राहत और सहायता की समीक्षा भी करेंगे। जानकारी के अनुसार सीएम योगी शाम को हेलीकॉप्टर से वाराणसी पुलिस लाइन जाएंगे, जहां वे बाढ़ पीड़ितों से मिलने जा सकते है। इसके बाद अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक करेंगे। इसके बाद शिवपुर विधानसभा क्षेत्र के विद्या बिहार इंटर कॉलेज में बाढ़ पीड़ितों से मिलेंगे और राहत सामग्री प्रदान करेंगे। सीएम योगी कालभैरव और श्री काशी विश्वनाथ के दर्शन करेंगे। इस दौरान उनके साथ मंडल आयुक्त एस राजलिंगम और डीएम सत्येंद्र झा मौजूद रहेंगे। हवाई सर्वेक्षण के दौरान सीएम आवश्यक दिशा निर्देश वाराणसी के अधिकारियों को दे सकते हैं। इसके बाद बाबतपुर एयरपोर्ट से लखनऊ के लिए रवाना हो जाएंगे। इससे पहले गुरुवार को वाराणसी में बाढ़ की स्थिति को देखते हुए, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महापौर अशोक तिवारी और जिला मजिस्ट्रेट सत्येंद्र कुमार से शहर की स्थिति का जायजा लेने और बढ़ते जलस्तर से निपटने के लिए चल रही उपायों की समीक्षा करने के लिए बात की। बातचीत के दौरान, प्रधानमंत्री को बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए जिला प्रशासन द्वारा किए जा रहे राहत और बचाव उपायों के बारे में जानकारी दी गई। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बढ़ते जलस्तर और शहर के कई हिस्सों में व्यवधान के कारण लोगों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो। प्रधानमंत्री मोदी वाराणसी निर्वाचन क्षेत्र से लोकसभा सांसद हैं और शहर में हो रहे घटनाक्रमों के संबंध में स्थानीय प्रशासन के साथ उनका संपर्क बना हुआ है। उन्होंने राहत शिविरों में लोगों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की भी समीक्षा की और निर्देश दिया कि बाढ़ प्रभावित व्यक्तियों को सभी आवश्यक सुविधाएं तत्काल उपलब्ध कराई जाएं। अतिरिक्त राहत सामग्री की आवश्यकता होने पर तत्काल व्यवस्था करने के निर्देश जारी किए गए थे। बाढ़ की स्थिति और राहत कार्यों की लगातार निगरानी करते हुए युद्धस्तर पर राहत प्रदान करने के निर्देश दिए गए थे।

इंदौर पुलिस ने ड्रग तस्करी मामले में मुंबई से दो विदेशी नागरिकों को किया गिरफ्तार

इंदौर। भारत में बिजनेस और ट्रैवलिंग वीजा पर युगांडा और नाइजीरिया से आए लोगों द्वारा मादक पदार्थ की तस्करी मामले में इंदौर पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। पूर्व में पकड़ी गई नाइजीरियन महिला से पूछताछ के आधार पर इंदौर पुलिस ने मुंबई के नाला सोपारा से दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इंदौर डीसीपी नरेंद्र रावत के मुताबिक, चंदन नगर पुलिस ने 30 अगस्त को नाइजीरिया की रहने वाली महिला इम्यूनल जॉय को 58 ग्राम मादक पदार्थ के साथ गिरफ्तार किया था। इम्यूनल से पूछताछ और उसके मोबाइल फोन की जांच के बाद में पुलिस मुंबई के नाला सोपारा पहुंची। यहां मादक पदार्थ के साथ पकड़ी गई महिला को तस्करी में मदद करने वाली युगांडा की महिला नाकिजवे कावुमा और नाइजीरियन पुरुष नाकायजावे कावूमा को गिरफ्तार किया। इम्यूनल जॉय 7 महीने की वीजा लेकर भारत में आई थी। वह बेंगलुरु पहुंची, जहां पर जॉय नामक व्यक्ति से संपर्क किया और फिर मादक पदार्थ की तस्करी के गिरोह से जुड़ गई। 2024 में भी महिला 121 ग्राम मादक पदार्थ के साथ बेंगलुरु में गिरफ्तार हो चुकी है और जुलाई में ही जमानत पर बाहर आई थी। न्यायालय ने देश से बाहर नहीं जाने के आदेश दिए थे और उसके बावजूद भी महिला दोबारा से मादक पदार्थ की तस्करी करने लगी। मुंबई के नाला सोपारा में युगांडा, नाइजीरिया सहित कई देशों के लोग रहते हैं। यहां पर पहले आबकारी विभाग और नारकोटिक विभाग ने कार्रवाई को अंजाम दिया था। पहले भी इन विदेशियों को पुलिस ने तस्करी से जुड़े मामले में गिरफ्तार किया था, जो कि बिजनेस और घूमने फिरने के नाम पर वीजा लेकर भारत में गिरोह के रूप में वारदात को अंजाम दे रहे हैं। नाला सोपारा में 5 हजार से अधिक लोगों की उनकी बस्ती बताई जा रही है, जहां पर यह कम्युनिटी के रूप में रहते हैं।

नेपाल बाढ़: मृतकों की संख्या 1,300 के पार

काठमांडू। नेपाल में पिछले हफ्ते आई विनाशकारी बाढ़ से मरने वालों की संख्या 1,300 के पार पहुंच गई है। हर गुजरते दिन के साथ अलग-अलग जिलों में शव बरामद किए जा रहे हैं। नेपाल पुलिस के ताजा आंकड़ों के अनुसार ग्यारहवें दिन तक (शनिवार सुबह 8 बजे तक) 1,344 शव बरामद किए जा चुके हैं। मृतकों की संख्या बढ़ सकती है, क्योंकि 4,886 लोग (जिनमें 606 विदेशी भी शामिल हैं) अभी भी लापता हैं। इस बाढ़ ने अपने रास्ते में आने वाली हर चीज को बहा दिया और मध्य नेपाल में भोटेकोशी और त्रिशूली नदी कॉरिडोर के आस-पास लोगों की जान-माल को भारी नुकसान पहुंचाया। माना जा रहा है कि लापता लोगों में से बड़ी संख्या उन लोगों की है जो इन दो नदी कॉरिडोर पर बने 11 हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स की सुरंगों में फंसे हुए हैं; वहां बचाव कार्य जारी है। शुक्रवार को रसुवा जिले में 60 एमडब्ल्यू के अपर त्रिशूली 3ए प्रोजेक्ट की सुरंग से दो लोगों को जिंदा बचाया गया। नेपाल सरकार ने कहा कि लापता लोगों को खोजने के लिए बचाव कार्य जारी है, साथ ही शवों को निकालने, उनकी पहचान करने और राहत कार्यों में भी टीम सदस्य जुटे हैं। सुरक्षा एजेंसियों ने बाढ़ पीड़ित इलाकों में खोज और बचाव अभियान तेज कर दिए हैं। पुलिस का कहना है कि अब तक 8,962 लोगों को बचाया जा चुका है, जिनमें 1,552 विदेशी शामिल हैं। बरामद शवों की पहचान करने की कोशिशें भी तेज कर दी गई है। पुलिस के अनुसार, 1,260 मृतकों और मृतकों के 1,012 रिश्तेदारों से डीएनए सैंपल लिए गए हैं, जिससे कुल सैंपल की संख्या 2,272 हो गई है। नेपाल पुलिस ने खोज, बचाव और राहत कार्यों के लिए 7,912 कर्मियों को तैनात किया है। पुलिस के 65 कर्मी इस आपदा का शिकार हुए हैं, जबकि 25 अभी भी लापता हैं। बाढ़ ने भोटेकोशी और त्रिशूली नदी प्रणालियों के आस-पास के बुनियादी ढांचे और निजी संपत्ति को भी भारी नुकसान पहुंचाया है। बचाव और राहत कार्य पूरा होने के बाद नेपाल इनके पुनर्निर्माण के लिए अंतरराष्ट्रीय मदद की मांग कर रहा है।

केंद्र सरकार की ‘कॉर्पोरेट मित्र’ पहल शुरू, एमएसएमई को मिलेगी किफायती प्रोफेशनल सहायता

नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) के लिए अनुपालन (कंप्लायंस) की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए ‘कॉर्पोरेट मित्र’ पहल शुरू की है। इस पहल का मकसद अनुपालन को डरावना नहीं, बल्कि आसान और ज्ञान को सुलभ बनाना है। कॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय की संयुक्त सचिव अनीता शाह अकेला ने कहा कि इस पहल का उद्देश्य अनुपालन को एक बोझ से बदलकर विश्वास, पारदर्शिता, जवाबदेही और व्यवस्थित विकास का माध्यम बनाना है। सरकार ने केंद्रीय बजट 2026-27 में ‘कॉर्पोरेट मित्र’ पहल की घोषणा की थी। इसका उद्देश्य प्रशिक्षित और प्रमाणित पैरा-प्रोफेशनल्स का एक पूल तैयार करना है जो एमएसएमई को बिजनेस और रेगुलेटरी अनुपालन में मदद कर सकें। यह प्रोग्राम आईसीएआई, आईसीएसआई और आईसीओएआई की प्रोफेशनल विशेषज्ञता को आईआईटी मद्रास, आईआईटी मद्रास प्रवर्तक औरस्वयं प्लस के तकनीकी और अकादमिक सहयोग के साथ जोड़ता है। इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (आईसीएआई), इंस्टीट्यूट ऑफ कंपनी सेक्रेटरीज ऑफ इंडिया (आईसीएसआई) और इंस्टीट्यूट ऑफ कॉस्ट अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (आईसीओएआई) ने कॉर्पोरेट मित्र कोर्स शुरू कर दिया है, जिसके पहले बैच में 2,879 शिक्षार्थियों ने रजिस्ट्रेशन कराया है। कॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय के अनुसार, कॉर्पोरेट मित्र लर्निंग मैनेजमेंट सिस्टम (एलएमएस) का लॉन्च इस प्रोग्राम के स्ट्रक्चर्ड लर्निंग और क्षमता-विकास चरण की शुरुआत है। इस कोर्स का लक्ष्य प्रमाणित पैरा-प्रोफेशनल्स का एक कुशल समूह तैयार करना है जो एमएसएमई को किफायती प्रोफेशनल सहायता प्रदान कर सके, जिससे व्यापार करने में आसानी, रोजगार सृजन और समावेशी आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलेगा। यह भारत के एमएसएमई इकोसिस्टम के विकास और औपचारिकरण में योगदान देने वाले पैरा-प्रोफेशनल्स के कुशल पूल को विकसित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। ‘कॉर्पोरेट मित्र’ कोर्स की कुल अवधि 12 महीने है, जिसे दो चरणों में बांटा गया है। पहले छह महीनों में लगभग 150 घंटे की स्ट्रक्चर्ड अकादमिक लर्निंग शामिल है, जो रिकॉर्डेड वीडियो लेक्चर के माध्यम से दी जाएगी। इसके बाद आईसीएआई, आईसीएसआई और आईसीओएआई के सदस्यों की प्रोफेशनल फर्मों में छह महीने की ऑन-द-जॉब ट्रेनिंग होगी, जो शिक्षार्थियों को प्रैक्टिकल अनुभव प्रदान करेगी।

जापान: अधिक विदेशी नागरिकों को स्वीकार करने का विरोध बढ़ा, स्टडी में खुलासा

टोक्यो। बुजुर्गों की बढ़ती आबादी से थोड़े फिक्रमंद जापान को 11 साल बाद राहत भरी खबर मिली। ये खुश खबरी जनसंख्या वृद्धि को लेकर थी। इसमें विदेशी मूल के माता-पिता से जन्मे बच्चे भी शामिल बताए गए। इस बीच एक नई स्टडी ने विदेशियों के प्रति बढ़ती नाराजगी की ओर इशारा किया है। जापान में अधिक विदेशी नागरिकों को स्वीकार करने को लेकर लोगों के रुख में बड़ा बदलाव सामने आया है। टोक्यो विश्वविद्यालय के इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंस की ओर से किए गए एक पैनल अध्ययन के अनुसार, इस साल 56.3 फीसदी लोगों ने जापान में अधिक विदेशी निवासियों को स्वीकार करने का विरोध किया। यह आंकड़ा 2024 की तुलना में 20.7 प्रतिशत अंक अधिक है। क्योडो न्यूज एजेंसी ने बताया कि अध्ययन की खास बात यह है कि विदेशी नागरिकों को स्वीकार करने का विरोध केवल बुजुर्गों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि युवा वर्ग में भी इसमें उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। शोधकर्ताओं ने पाया कि जिन लोगों को लगता है कि जापानी समाज के भविष्य के लिए उम्मीद कम है, उनमें अधिक विदेशी नागरिकों को स्वीकार करने का विरोध अपेक्षाकृत ज्यादा है। टोक्यो विश्वविद्यालय के इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंस के प्रोफेसर शिन अरिता ने कहा कि विदेशी नागरिकों को स्वीकार करने के मुद्दे पर नकारात्मक चर्चाओं की बढ़ती मौजूदगी, सामाजिक चिंता और असंतोष इस बदलाव के पीछे एक कारण हो सकता है। उनके अनुसार, समाज में मौजूद बेचैनी और असुरक्षा की भावना भी लोगों के दृष्टिकोण को प्रभावित कर सकती है। यह अध्ययन एक पैनल सर्वेक्षण के तहत किया गया, जिसमें चुने गए लोगों से समय-समय पर उनकी जीवनशैली और सामाजिक सोच में बदलाव को लेकर सवाल पूछे जाते हैं। इस साल करीब 3,800 लोगों के जवाबों को वैध माना गया। विदेशी नागरिकों को स्वीकार करने से जुड़े सवाल सर्वेक्षण में लगभग हर दो साल में शामिल किए जाते हैं। अध्ययन के मुताबिक, जापान में अधिक विदेशी नागरिकों को स्वीकार करने के पक्ष में रहने वाले लोगों की संख्या घटकर 9.4 फीसदी रह गई। 2024 में यह आंकड़ा इससे 8.4 प्रतिशत अंक अधिक था। उम्र के आधार पर किए गए विश्लेषण में भी बदलाव स्पष्ट दिखाई दिया। 1966 से 1976 के बीच जन्मे लोगों में अधिक विदेशी नागरिकों को स्वीकार करने के विरोध में 19.4 प्रतिशत अंक की वृद्धि हुई। वहीं, 1987 से 1998 के बीच जन्मे लोगों में यह वृद्धि और अधिक, 24.3 प्रतिशत अंक, रही। शोधकर्ताओं ने सामाजिक उम्मीद और जीवन स्तर से जुड़े विचारों को भी इस बदलाव से जोड़ा। 2024 के सर्वेक्षण में जो लोग विदेशी निवासियों को स्वीकार करने के विरोध में नहीं थे, उनमें बाद में उन लोगों के रुख में बदलाव की संभावना अधिक रही, जिन्होंने यह नहीं माना कि जापानी समाज में उम्मीद बाकी है या उनकी जिंदगी उनके माता-पिता की पीढ़ी की तुलना में बेहतर हुई है। जापान में घटती आबादी और श्रमबल की कमी के बीच विदेशी कामगारों और विदेशी निवासियों की भूमिका लगातार बढ़ रही है। ऐसे में सर्वेक्षण में सामने आया यह बदलता जनमत सरकार के लिए सामाजिक स्वीकार्यता और आर्थिक जरूरतों के बीच संतुलन बनाने की चुनौती को भी रेखांकित करता है।

यूएस ओपन: नवारो, टाउनसेंड, पेगुला, नोस्कोवा चौथे राउंड में

न्यूयॉर्क। एम्मा नवारो ने यूएस ओपन 2026 में बड़ा उलटफेर करते हुए सातवीं सीड कैरोलिना मुचोवा को हरा दिया। वहीं, टेलर टाउनसेंड लगातार दूसरे साल चौथे राउंड में पहुंचीं। नवारो ने अपनी पहली मुलाकात में सातवीं सीड कैरोलिना मुचोवा को 6-3, 7-5 से हराया। इस जीत के साथ नवारो ने चौथे राउंड में जगह बना ली है। छठी सीड लिंडा नोस्कोवा ने भी मुश्किल चुनौती का सामना किया। उन्होंने कोर्ट 17 पर अमेरिका की 29वीं सीड एन ली को 6-2, 6-7(6), 6-2 से हराया। 6-2, 3-0 की बढ़त के बाद नोस्कोवा पूरी तरह से नियंत्रण में दिखीं, लेकिन ली ने जबरदस्त वापसी करते हुए निर्णायक सेट में जगह बना ली। अमेरिकी खिलाड़ी ने दूसरे सेट के टाईब्रेक में फोरहैंड विनर से मैच पॉइंट भी बचाया और फिर मुकाबला बराबर कर दिया। नोस्कोवा ने तब नियंत्रण हासिल किया जब सबसे ज्यादा जरूरत थी, और तीसरे सेट के आखिरी चार गेम जीत लिए। टेलर टाउनसेंड ने 15वीं सीड डायना श्नाइडर को 2 घंटे, 27 मिनट तक चले मुकाबले में 6-2, 6-7(3), 6-3 से हराकर अपना शानदार प्रदर्शन जारी रखा। पहला सेट सिर्फ 30 मिनट में जीतने के बाद वह आसानी से जीत की ओर बढ़ती दिखीं। लेकिन, श्नैडर ने दूसरे सेट में 3-5 से पिछड़ने के बाद वापसी की और आखिरकार अपने सातवें सेट पॉइंट पर एक डिसाइडर सेट के लिए मजबूर कर दिया। अमेरिकन खिलाड़ी ने जोरदार जवाब दिया, आखिरी तीन गेम जीतकर एक और चौथे राउंड में जगह बनाई। उनका अगला मुकाबला दुनिया की नंबर 1 एरिना सबालेंका से होगा। तीसरी सीड जेसिका पेगुला भी एक मुश्किल दौर से उबरीं, उन्होंने एक खराब शुरुआती सेट से उबरते हुए 31वीं सीड लेयला फर्नांडीज को 2 घंटे 11 मिनट में 1-6, 6-4, 6-3 से हराया। इस नतीजे से पेगुला की टूर्नामेंट को दुनिया की नंबर 1 खिलाड़ी के तौर पर खत्म करने की उम्मीदें जिंदा हैं। हालांकि यह कामयाबी हासिल करने के लिए उन्हें अपना पहला ग्रैंड स्लैम टाइटल जीतना होगा। चौथे राउंड में उनका मुकाबला 36 साल की सोराना सिर्स्टिया से होगा।

साउथ सिनेमा अपनी जड़ों से जुड़ा, यही उसकी सबसे बड़ी खूबसूरती : नैला ग्रेवाल

मुंबई। बरेली की बर्फी, थप्पड़ और तमाशा जैसी फिल्मों में काम कर चुकी अभिनेत्री नैला ग्रेवाल आगामी बहुप्रतीक्षित साइंस-फिक्शन और एक्शन ड्रामा फिल्म ‘राका’ में नजर आएंगी। अभिनेत्री ने बताया कि साउथ इंडस्ट्री के लोग अपनी जड़ों से गहराई से जुड़े हुए हैं और अपनी फिल्मों के जरिए इसको दिखाते हैं। अभिनेत्री ने आईएएनएस के साथ बातचीत में कहा, “मुझे लगता है कि साउथ इंडस्ट्री की खूबसूरती यह है कि वे अपने कल्चरल ताने-बाने और जड़ों से बहुत जुड़े रहते हैं। वे अपनी फिल्मों और स्क्रिप्ट के जरिए अपने कल्चरल ताने-बाने को इतनी खूबसूरती से दिखाते हैं, जिससे हर तरह के लोग उनके सिनेमा की ओर खींचा चला आता है। मुझे लगता है कि यही उनकी खूबसूरती है कि वे असल में जैसे हैं, वैसे ही है। साथ ही, उनकी राइटिंग और स्क्रिप्टिंग भी बहुत अच्छी है।” नैला ग्रेवाल ने फिल्म ‘राका’ की हिंट देते हुए कहा, “आपने अभी तक फिल्म को लेकर जो कुछ भी देखा, उससे भी कई ज्यादा एक्साइटिंग होने वाला है। यह मेरे लिए बहुत खास सफर है।” अभिनेत्री ने अपने सिनेमाई सफर को याद करते हुए कहा कि वे खुद को खुशकिस्मत मानती हैं कि शुरुआत में ही उन्होंने रणबीर कपूर, रवि किशन समेत कई टैलेंटेड एक्टर्स के साथ काम किया है, जिनसे मुझे बहुत कुछ सीखने को मिला। उन्होंने कहा, “राका भी बहुत बढ़िया फिल्म है और इसमें मैंने प्रेरणादायक एक्टर्स के साथ काम किया है। जब आप दिलचस्प एक्टर्स के साथ काम करते हैं, तो एक अलग लेवल का चैलेंज होता है। वह चैलेंज प्रोजेक्ट, आपके कैरेक्टर और आपके पूरे अनुभव को और भी बेहतर बनाता है। इतनी शानदार स्टार कास्ट के साथ काम करने के बारे में मुझे ऐसा ही लगता है।” एटली कुमार के निर्देशन में बनी बहुप्रतीक्षित साइंस-फिक्शन और एक्शन ड्रामा फिल्म ‘राका’ में साउथ सुपरस्टार अल्लू अर्जुन मुख्य भूमिका में नजर आएंगे और रिपोर्ट्स के अनुसार वह इसमें ट्रिपल रोल (तीन अलग-अलग किरदार) निभा सकते हैं। उनके साथ लीड रोल में दीपिका पादुकोण, रश्मिका मंदाना, जान्हवी कपूर, मृणाल ठाकुर और ऐश्वर्या लक्ष्मी जैसे कई अन्य कलाकार भी अहम भूमिकाओं में हैं। यह फिल्म टाइम ट्रैवल, मल्टीवर्स और पुनर्जन्म जैसे अनोखे और बड़े कॉन्सेप्ट पर आधारित बताई जा रही है। अल्लू अर्जुन के पहले लुक पोस्टर में उनका एक बहुत ही अलग और खतरनाक अंदाज (जंगली या वेयरवुल्फ जैसा लुक) देखने को मिला है।

झारखंड: गढ़वा में डेंगू ने दी दस्तक, एक व्यापारी की मौत, स्वास्थ्य विभाग अलर्ट

गढ़वा। झारखंड के गढ़वा जिले में डेंगू ने दस्तक दे दी है। जिले में अब तक डेंगू से एक व्यक्ति की मौत हो चुकी है, जबकि एक मरीज ठीक होकर घर लौट चुका है। डेंगू के मामले सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है और इससे निपटने के लिए सदर अस्पताल में 10 बेड का आइसोलेशन वार्ड भी तैयार किया गया है। जानकारी के मुताबिक, पिछले दस दिनों में गढ़वा जिले में डेंगू के कई मरीजों में लक्षण पाए गए हैं, जिनमें से दो मामले सामने आए हैं। इनमें जिले के एक बड़े व्यवसायी की डेंगू जैसी बीमारी की चपेट में आने से मौत हो गई। हालांकि उस मरीज का इलाज सरकारी अस्पताल में नहीं कराया गया था, लेकिन स्वास्थ्य विभाग ने पुष्टि की है कि उस व्यवसायी की मौत डेंगू से ही हुई थी। वहीं दूसरी ओर, एक और मरीज में डेंगू के लक्षण मिलने पर उसका इलाज कर उसे ठीक करके घर भेज दिया गया है। जिले में डेंगू के मरीज मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है ताकि इस बीमारी को फैलने से रोका जा सके। इस मामले पर गढ़वा के सिविल सर्जन डॉ. जॉन एफ कैनेडी ने कहा, “यह बहुत दुख की बात है कि एक व्यक्ति की मौत डेंगू से हुई है। उन्होंने हमारे किसी भी सरकारी अस्पताल में इलाज नहीं कराया, वे सीधे डालटनगंज (अब आधिकारिक रूप से मेदिनीनगर) चले गए थे। हमारे जिले में जो जांच हुई है, उसमें केवल एक-दो जांच ही डेंगू के लिए पॉजिटिव आई हैं।” सिविल सर्जन ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि यह समय और मौसम दोनों ही डेंगू का है, इसलिए लोगों को इससे बचने के लिए अपने घरों के आसपास पानी नहीं जमने देना चाहिए और साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देना चाहिए। उन्होंने बताया कि जिले में एक-दो छिटपुट केस आए थे, जिन्हें ठीक कर दिया गया है। इसे लेकर स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह सतर्क है और हर परिस्थिति के लिए तैयार है। सिविल सर्जन ने कहा, “अगर आपको डेंगू होता है तो सदर अस्पताल जाइए, हम लोग इसको पूरी तरह से नियंत्रित कर सकते हैं, बस समय रहते इलाज कराना होगा।” स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि बुखार, बदन दर्द जैसे लक्षण दिखने पर तुरंत जांच कराएं और घर के आसपास मच्छरों को पनपने से रोकें।