दिल्ली हाट में 1 सितंबर से शुरू होगा ‘शरद शिल्पोत्सव 2.0

नई दिल्ली। वस्त्र मंत्रालय, भारत सरकार के हस्तशिल्प एवं हथकरघा आयुक्त की ओर से ‘शरद शिल्पोत्सव 2.0’ का आयोजन 1 से 15 सितंबर 2026 तक दिल्ली हाट, आईएनए, नई दिल्ली में किया जाएगा। भारतीय हस्तनिर्मित विरासत को समर्पित यह विशेष आयोजन देशभर की पारंपरिक शिल्प कलाओं, क्षेत्रीय विविधता और कारीगरों की रचनात्मकता को एक मंच पर लाएगा। यह उत्सव प्रतिदिन सुबह 11 बजे से रात 8 बजे तक दर्शकों के लिए खुला रहेगा।‘शरद शिल्पोत्सव 2.0’ में देश के विभिन्न हिस्सों से जुड़ी पारंपरिक हस्तशिल्प कलाओं और क्षेत्रीय विविधता को प्रदर्शित किया जाएगा। आयोजन में आर्टिसन-लेड प्रोड्यूसर कम्पनीज की भागीदारी रहेगी, जो अपने हस्तनिर्मित उत्पादों को सीधे ग्राहकों और बाजार तक पहुंचाने का अवसर पाएंगी।आर्टिसन-लेड प्रोड्यूसर कम्पनीज ऐसे समूह या उद्यम हैं, जिन्हें पारंपरिक कारीगर मिलकर संचालित करते हैं। इनके माध्यम से कारीगर अपने हस्तनिर्मित उत्पादों को सीधे ग्राहकों और बाजार तक पहुंचा सकते हैं। इससे उन्हें नए ग्राहकों से जुड़ने, अपने उत्पादों को व्यापक बाजार तक पहुंचाने और अपने हुनर को बेहतर पहचान दिलाने का अवसर मिलता है।दिल्ली हाट को इस अवसर पर रंग-बिरंगे सजावटी स्टॉल, बेंत से बने ढांचे और विशेष इंस्टॉलेशन से सजाया जाएगा। आगंतुक न केवल हस्तनिर्मित और हथकरघा उत्पाद खरीद सकेंगे, बल्कि कारीगरों से सीधे संवाद कर उनके हुनर की बारीकियां भी जान पाएंगे। लाइव डेमो और विभिन्न गतिविधियां इस उत्सव की खासियत होंगी, जो आगंतुकों को कला और परंपरा को करीब से देखने और अनुभव करने का अवसर देंगी।उत्सव में आगंतुकों को भारत की समृद्ध शिल्प परंपराओं और क्षेत्रीय विविधता को करीब से जानने का अवसर मिलेगा। पारंपरिक कला, स्थानीय तकनीकों और आधुनिक जरूरतों के अनुरूप तैयार किए गए हस्तशिल्प उत्पाद इस आयोजन का प्रमुख आकर्षण होंगे। यहां आने वाले लोग विभिन्न क्षेत्रों की विशिष्ट शिल्प कलाओं को देखने के साथ-साथ हस्तनिर्मित उत्पादों की खरीदारी भी कर सकेंगे।वस्त्र मंत्रालय के हस्तशिल्प आयुक्त की यह पहल भारतीय हस्तशिल्प को बढ़ावा देने, कारीगरों और आर्टिसन-लेड प्रोड्यूसर कम्पनीज को सीधे बाजार से जोड़ने तथा देश की समृद्ध हस्तनिर्मित विरासत को व्यापक स्तर पर लोगों तक पहुंचाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

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