पश्चिम बंगाल: पुलिस ने विस्फोटक से लदी कार को जब्त किया, मालिक को हिरासत में लिया

कोलकाता। पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के दत्तापुकुर इलाके में पुलिस की ओर से बड़ी कार्रवाई की गई है। गुरुवार को अधिकारियों ने बताया कि पुलिस ने दत्तापुकुर इलाके में जेसोर रोड से विस्फोटकों से लदी एक कार जब्त की है। पुलिस अधिकारी ने बताया कि बुधवार देर रात कार को जब्त कर लिया गया और इसके मालिक को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। मामले की गंभीरता को देखते हुए स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ), नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए), और बम डिस्पोजल स्क्वॉड के अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। इसके साथ ही नेशनल सिक्योरिटी गार्ड (एनएसजी) की एक टीम भी मौके पर पहुंची है। मिली जानकारी के अनुसार, एनएसजी के जवान रात से ही उस जगह पर तैनात हैं। त्योहारों के इस मौसम में कार में बारूद और विस्फोटक सामग्री कहां ले जाई जा रही थी, इसकी जांच की जा रही है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, कार कोलकाता की ओर आ रही थी। घटनाक्रम की जानकारी रखने वाले सूत्रों ने यह भी बताया कि कार से बरामद विस्फोटक सामग्री को फॉरेंसिक जांच के लिए भेज दिया गया है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, जिस जगह पर विस्फोटक से लदी गाड़ी मिली, वह भारत-बांग्लादेश सीमा के काफी करीब है। यही वजह है कि जांचकर्ताओं को इसमें विदेशी कनेक्शन होने का शक है। कार का मालिक रकीबुल इस्लाम है। उसका एक कार शोरूम भी है और उसके पास दो घर हैं। वह अपने परिवार के साथ एक घर में रहता है, जबकि दूसरा घर उसने किराए पर दे रखा है। इस्लाम के घर की भी जांच की गई और उसके परिवार के सदस्यों से पूछताछ की गई। विजयादशमी की रात को बरामदगी होने से इस घटना से इलाके में दहशत फैल गई है। पुलिस ने इस्लाम के दो मोबाइल फोन और एक लैपटॉप जब्त कर लिया है। जानकारी सामने आई है कि इस्लाम पहले एक मोटर मैकेनिक के तौर पर काम करता था। वह ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली पिछली तृणमूल कांग्रेस सरकार के दौरान आर्थिक रूप से बहुत तेजी से आगे बढ़ा। टीएमसी सरकार के दौरान उसने जल्दी ही एक कार शोरूम खोल लिया और दो आलीशान घरों का मालिक भी बन गया। सूत्रों के मुताबिक, पूछताछ के दौरान इस्लाम ने विस्फोटक से लदी गाड़ी का मालिक होने से इनकार कर दिया। राज्य के पंचायत मामलों और ग्रामीण विकास मंत्री दिलीप घोष ने गुरुवार को मीडिया को बताया कि पिछली तृणमूल कांग्रेस सरकार के दौरान, अपराधी बेखौफ होकर राज्य के भीतर विस्फोटक लाते-ले जाते थे। लेकिन अब राज्य में एक राष्ट्रवादी सरकार है, और इसलिए इन तत्वों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन सहित कई नेताओं ने गृह मंत्री अमित शाह को दी जन्मदिन की बधाई

नई दिल्ली। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन सहित कई नेताओं की ओर से केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को जन्मदिन की बधाई दी गई है। भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन ने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, “केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह को जन्मदिन की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। राष्ट्रहित के प्रति आपका अटूट समर्पण और संगठन को सशक्त बनाने में आपका योगदान हम सभी के लिए प्रेरणास्रोत है। ईश्वर से आपके उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु और राष्ट्रसेवा के निरंतर सामर्थ्य की कामना करता हूं।” भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव और राज्यसभा सांसद विनोद तावड़े ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर पोस्ट में लिखा, “कुशल संगठनकर्ता, देश को घुसपैठिया एवं नशा मुक्त बनाने और सहकारिता क्षेत्र में नवाचार के प्रणेता अमित शाह को जन्मदिवस की हार्दिक बधाई। आपके नेतृत्व में भारत न सिर्फ सुरक्षित एवं समृद्ध बन रहा है बल्कि देशविरोधी ताकतों को देश के अंदर और बाहर, हर मोर्चे पर करारा जवाब भी दे रहा है। भगवान सोमनाथ से आपके उत्तम स्वास्थ्य एवं मंगलमय जीवन की कामना करता हूं।” भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव व राज्यसभा सदस्य संजय भाटिया ने लिखा, “भारतीय राजनीति के चाणक्य एवं केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह को जन्मदिन की असीम शुभकामनाएं।” भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री और लोकसभा सदस्य गजेंद्र सिंह पटेल ने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, “अद्वितीय संगठनकर्ता, लोकप्रिय जननेता व भारत के यशस्वी गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह को जन्मदिवस की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। मां नर्मदा से आपके उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु और राष्ट्रसेवा के संकल्पों की निरंतर सिद्धि की मंगलकामना करता हूं।” भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव हरीश द्विवेदी ने एक्स पर पोस्ट में लिखा, “विपक्ष की हर चाल को अपनी कुशल रणनीति से विफल करने वाले, चाणक्य जैसी राजनीतिक दूरदर्शिता और मां भारती की सेवा के लिए समर्पित केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह को जन्मदिन की हार्दिक बधाई एवं अनंत शुभकामनाएं। ईश्वर से आपके उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु एवं यशस्वी जीवन की मंगलकामना करता हूं।” भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव व राज्यसभा सदस्य सतीश पूनिया ने एक्स पर पोस्ट कर लिखा, “हम सब कार्यकर्ताओं के प्रेरणास्रोत, दृढ़ इच्छाशक्ति के धनी, केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह को जन्मदिवस की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। आप इसी प्रकार जनसेवा करते हुए राष्ट्र की प्रगति में अग्रणी योगदान देते रहें। ईश्वर से आपके सुदीर्घ जीवन की मंगलकामना करता हूं।” भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव व लोकसभा सदस्य बिप्लब कुमार देब ने सोशल मीडिया पर लिखा, “अद्भुत संगठनकर्ता, कर्मठ, दूरदर्शी और प्रखर नेतृत्व के धनी केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह को जन्मदिन की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। राष्ट्र की एकता, अखंडता और सशक्त भारत के निर्माण हेतु आपका समर्पण और कार्यशक्ति सभी के लिए प्रेरणास्रोत है। माता त्रिपुरसुंदरी से आपके उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु और निरंतर जनसेवा की शक्ति की हार्दिक प्रार्थना करता हूं।” केंद्रीय गृह राज्यमंत्री संजय बंडी ने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, “केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को जन्मदिन की बधाई और शुभकामनाएं। मैं मां दुर्गा से प्रार्थना करता हूं कि वे आपको उत्तम स्वास्थ्य और दीर्घायु प्रदान करें, ताकि आप आने वाले कई वर्षों तक भारत की सेवा करते रहें।
‘विकास भी, विरासत भी’ के मंत्र को साकार करेगा द्वारका का श्रीकृष्ण संग्रहालय, बढ़ेंगे रोजगार के अवसर

गांधीनगर। भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और आध्यात्मिक परंपरा को आधुनिक तकनीक के माध्यम से नई पीढ़ी तक पहुंचाने के उद्देश्य से गुजरात के द्वारका में श्रीकृष्ण संग्रहालय का निर्माण किया जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकास भी, विरासत भी’ के मंत्र को साकार करने की दिशा में विकसित हो रहा यह संग्रहालय आध्यात्मिकता, भारतीय संस्कृति और आधुनिक तकनीक के अनूठे समन्वय का केंद्र बनेगा। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी के नेतृत्व में विकसित किए जा रहे इस महत्वाकांक्षी सांस्कृतिक प्रकल्प पर कुल 92.70 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। द्वारकाधीश मंदिर से लगभग 1.6 किलोमीटर की दूरी पर बनने वाले इस संग्रहालय का उद्देश्य भगवान श्रीकृष्ण के जीवन चरित्र, उनकी दिव्य लीलाओं, जीवन मूल्यों और श्रीमद्भगवद्गीता के शाश्वत संदेश को एक ही स्थान पर आकर्षक एवं व्यवस्थित तरीके से प्रस्तुत करना है। श्रीकृष्ण संग्रहालय की सबसे बड़ी विशेषता इसकी नौ थीम आधारित गैलरी होगी। इनमें भगवान श्रीकृष्ण के जन्म से लेकर उनके जीवन के विभिन्न महत्वपूर्ण प्रसंगों को दर्शाया जाएगा। संग्रहालय में श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं, गोकुल और वृंदावन के प्रसंगों, गोवर्धन पर्वत धारण करने की लीला, कालिया नाग के मर्दन और रासलीला जैसे प्रसंगों को विशेष रूप से प्रस्तुत किया जाएगा। इसके अलावा मथुरा गमन, कंस वध, स्वर्णनगरी द्वारका की स्थापना और महाभारत में भगवान श्रीकृष्ण की महत्वपूर्ण भूमिका को भी दर्शाया जाएगा। इन प्रसंगों को मूर्तियों, चित्रों, कलाकृतियों, हस्तशिल्प और विभिन्न प्रतिकृतियों के माध्यम से जीवंत रूप में प्रस्तुत करने की योजना है। इससे यहां आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को भगवान श्रीकृष्ण के जीवन एवं उनके उपदेशों को समझने का अनूठा अवसर मिलेगा। संग्रहालय को आधुनिक स्वरूप देने के लिए अत्याधुनिक डिजिटल तकनीक का उपयोग किया जाएगा। इसके तहत इमर्सिव ऑडियो-विजुअल प्रस्तुतियां, इंटरएक्टिव डिजिटल डिस्प्ले, 3डी प्रोजेक्शन मैपिंग, टचस्क्रीन सूचना कियोस्क और मोशन सेंसर आधारित अनुभव विकसित किए जाएंगे। थीम आधारित लाइटिंग, साउंडस्केप, डिजिटल स्टोरीटेलिंग और मल्टीमीडिया प्रोजेक्शन के माध्यम से भगवान श्रीकृष्ण के जीवन प्रसंगों को प्रभावशाली तरीके से प्रस्तुत किया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य केवल दर्शकों का मनोरंजन करना नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, आध्यात्मिक ज्ञान और जीवन मूल्यों को सरल एवं रोचक तरीके से नई पीढ़ी तक पहुंचाना है। श्रीकृष्ण संग्रहालय परिसर में नौ थीम आधारित गैलरी के साथ विशेष लैंडस्केप क्षेत्र, कमल तालाब, लाइट एंड साउंड प्रोजेक्शन शो और एम्फीथिएटर जैसी सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी। इन सुविधाओं के माध्यम से संग्रहालय को ज्ञान, सौंदर्य, आध्यात्मिकता और मनोरंजक शैक्षणिक अनुभव के संयुक्त केंद्र के रूप में विकसित करने का प्रयास किया जा रहा है। म्यूजियम में आगंतुकों की सुविधा और सुगमता को ध्यान में रखते हुए डिजिटल सूचना व्यवस्था, विजिटर डेस्क, दिव्यांगजनों के लिए प्रवेश की सुविधाएं, कैफे, स्मृति चिह्नों की दुकान और व्यवस्थित पार्किंग जैसी सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी। इन व्यवस्थाओं से देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को संग्रहालय का भ्रमण करने में सुविधा मिलेगी। द्वारका देश के प्रमुख धार्मिक स्थलों में शामिल है। यहां द्वारकाधीश मंदिर के दर्शन के लिए देश के विभिन्न राज्यों के साथ-साथ विदेशों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं। श्रीकृष्ण संग्रहालय के विकसित होने से द्वारका आने वाले पर्यटकों को धार्मिक दर्शन के साथ भारतीय इतिहास, संस्कृति और आध्यात्मिक परंपरा को आधुनिक तकनीक के माध्यम से जानने का अवसर मिलेगा। इस परियोजना से क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। साथ ही परिवहन, हस्तशिल्प, स्थानीय व्यापार और आतिथ्य क्षेत्र से जुड़े लोगों के लिए रोजगार एवं व्यवसाय के नए अवसर पैदा होने की संभावना है। श्रीकृष्ण संग्रहालय गुजरात के सांस्कृतिक पर्यटन को नई दिशा देने वाला महत्वपूर्ण प्रकल्प साबित हो सकता है। यह भारतीय आध्यात्मिक परंपरा और आधुनिक विकास के बीच बेहतर समन्वय का उदाहरण बनेगा। परंपरागत विरासत को संरक्षित करते हुए आधुनिक तकनीक के माध्यम से नई पीढ़ी तक पहुंचाने की यह पहल द्वारका को धार्मिक पर्यटन के साथ-साथ सांस्कृतिक और शैक्षणिक पर्यटन के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
विपक्ष के प्रदर्शन पर भाजपा सांसद ने कहा- ‘समय बर्बाद कर रहे विरोधी दल, देश और जनता के कामों पर देना चाहिए ध्यान’

नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राज्यसभा सांसद अशोक मित्तल ने ‘वोट चोरी’ मुद्दे पर ‘इंडिया’ ब्लॉक की वर्चुअल बैठक को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि विरोध प्रदर्शनों के कारण देश की जनता और विपक्ष से दूर होगी। विपक्ष को प्रदर्शनों पर समय बर्बाद करने की बजाय जनता के लिए काम करना चाहिए। सांसद अशोक मित्तल ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बात करते हुए कहा, “विपक्ष की पार्टियां सिर्फ प्रदर्शन में अपना समय बर्बाद कर रही हैं। उन्हें देश और देश की जनता के लिए काम करना चाहिए। ऐसे प्रदर्शनों से सिर्फ उनका समय व्यर्थ होगा और जनता को भी परेशानी होगी। जगह-जगह जान लग जाते हैं और लोगों की दुकानें बंद हो जाती हैं। इसके कारण जनता विपक्ष से और दूर होगी।” उन्होंने कहा कि जब मामला सुप्रीम कोर्ट में चल रहा है और चुनाव आयोग इस मुद्दे को अपने तरीके से देख रहा है तो जनता का ध्यान भटकाने के लिए विपक्ष को ऐसे हरकतें नहीं करनी चाहिए भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर अशोक मित्तल ने कहा, “भारत पहले ही यूके, न्यूजीलैंड और कई अन्य देशों के साथ व्यापार समझौते पूरे कर चुका है। अमेरिका के साथ समझौता अंतिम चरण में है। खुद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ऐसा कहा है और उनके वरिष्ठ मंत्री भी भारत का दौरा कर चुके हैं। वह समझौता भी पूरा हो जाएगा। यह स्पष्ट है कि भारत अपने हितों से कोई समझौता नहीं करेगा। कोई भी व्यापार समझौता भारत के हितों को ध्यान में रखकर ही किया जाएगा और यह भारत व उसके व्यापार के लिए एक नया मील का पत्थर साबित होगा।” अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो की ओर से भारत में विपक्षी दलों के विरोध प्रदर्शन को घरेलू मामला बताए जाने पर सांसद ने कहा, “उन्होंने बिल्कुल सही बोला है कि यह भारत का आंतरिक मामला है। वे भारत की सभ्यता को समझते हैं और इसीलिए बयान दिया होगा।” पंजाब की ड्रग्स की समस्या पर उन्होंने कहा, “असामाजिक तत्व, गैंगस्टर और ड्रग तस्कर पंजाब में नशे की समस्या फैला रहे हैं। ऐसा सरकार की मिलीभगत से ही संभव हो पा रहा है। यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है कि सरकार, प्रशासन और ड्रग तस्कर मिलकर काम कर रहे हैं और उनके बीच आपस में सांठगांठ है। जब हमारी सरकार सत्ता में आएगी, तो ऐसी कोई मिलीभगत नहीं होगी और यह समस्या हल होगी।” अशोक मित्तल ने कहा कि अकेले पंजाब में नहीं, हम पूरे हिंदुस्तान के लिए यही कहेंगे कि जहां भी समस्याएं अभी रह गई हैं, दिसंबर 2029 तक उन्हें पूरी तरह खत्म कर देंगे।
सीएम फडणवीस की पहल, पालघर के 25 हजार स्कूली बच्चों को मिलेगा पौष्टिक भोजन

पालघर। महाराष्ट्र सरकार ने आदिवासी और ग्रामीण बच्चों के पोषण के लिए एक बड़ी पहल की है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व में पालघर जिले के विक्रमगढ़ तालुका में रोजाना 25 हजार बच्चों के लिए भोजन तैयार करने वाला अत्याधुनिक केंद्रीय रसोईघर स्थापित करने का प्रस्ताव सरकार के विचाराधीन है। इस योजना के पूरा होने से हजारों स्कूली बच्चों को लाभ मिलने की उम्मीद है। इस परियोजना के लिए करीब डेढ़ एकड़ जमीन उपलब्ध कराने का प्रस्ताव रखा गया है। केंद्रीय रसोईघर के निर्माण और संचालन के लिए जरूरी सरकारी अनुमतियां और मंजूरियां लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। शैक्षणिक वर्ष 2025-26 के आंकड़ों के अनुसार विक्रमगढ़ तालुका के 273 स्कूलों में कुल 29,124 विद्यार्थी पढ़ रहे हैं। इनमें जिला परिषद के स्कूलों में 15,091 विद्यार्थी, आदिवासी कल्याण विभाग के स्कूलों में 2,636 विद्यार्थी और अनुदानित आदिवासी स्कूलों में 3,607 विद्यार्थी शामिल हैं। इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों के बच्चों को नियमित रूप से पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराना है। बेहतर भोजन मिलने से बच्चों की भूख की समस्या कम होगी, स्कूलों में उपस्थिति बढ़ेगी, पढ़ाई में निरंतरता बनी रहेगी और सीखने की क्षमता में भी सुधार होगा। प्रस्तावित केंद्रीय रसोईघर की अंतिम क्षमता प्रतिदिन 25 हजार विद्यार्थियों के लिए भोजन तैयार करने की होगी लेकिन शुरुआत में लगभग 2 हजार से 3 हजार विद्यार्थियों को ही भोजन उपलब्ध कराया जाएगा। इसके बाद सरकारी मंजूरियों, संचालन की तैयारियों और उपलब्ध सुविधाओं के आधार पर इसका विस्तार चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा। राज्य सरकार की योजना इस मध्याह्न भोजन कार्यक्रम को जिला परिषद स्कूलों, स्वयं वित्तपोषित स्कूलों, निजी अनुदानित स्कूलों और सरकारी मानदंडों के अनुसार पात्र अनुदानित आदिवासी स्कूलों तक पहुंचाने की है। पात्र स्कूलों को धीरे-धीरे इस योजना में शामिल किया जाएगा। परियोजना में पारदर्शिता और भोजन की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए भी विशेष व्यवस्था की गई है। इसके तहत नियमित रिपोर्ट तैयार की जाएगी, स्वतंत्र संस्थाओं से लेखा परीक्षण कराया जाएगा और योजना के परिणामों का मूल्यांकन भी किया जाएगा। पालघर के ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों के लिए यह प्रस्ताव बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सीएम देवेंद्र फडणवीस की इस पहल को जरूरी मंजूरियां मिलने के बाद विक्रमगढ़ के हजारों बच्चों को इसका सीधा लाभ मिलेगा। फिलहाल यह प्रस्ताव विचाराधीन है, इसलिए निर्माण और संचालन को लेकर अंतिम फैसला सरकारी मंजूरियों के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।