‘फिल्म ‘दूसरा’ रिलीज होगी,’ हाई कोर्ट ने ठुकराई पूर्व क्रिकेटर सौरव गांगुली की अर्जी

नई दिल्ली। पूर्व भारतीय कप्तान सौरव गांगुली को दिल्ली हाई कोर्ट से झटका लगा है। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के पूर्व अध्यक्ष सौरव गांगुली ने शुक्रवार को रिलीज होने जा रही फिल्म ‘दूसरा’ पर रोक लगाने की मांग की थी, लेकिन कोर्ट ने इसे मानने से इनकार कर दिया है। मामले की अगली सुनवाई शुक्रवार को होगी। सौरव गांगुली का आरोप है कि फिल्म में उनके नेतृत्व, 2002 नेटवेस्ट सीरीज के फाइनल और लॉर्ड्स में शर्ट उतारकर जश्न मनाने की घटना का जिक्र करते हुए उनके व्यक्तित्व और कमर्शियल अधिकारों का उल्लंघन किया गया है। गांगुली ने इन अधिकारों की रक्षा के लिए हाई कोर्ट का रुख किया है। जस्टिस दिनेश भट्ट की पीठ ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि ‘बैलेंस ऑफ कन्वीनियंस’ फिल्म के निर्माताओं के पक्ष में है, जिसमें एक मध्यम वर्गीय राजस्थानी लड़की की कहानी बताई जा रही है, जो गांगुली से जुड़े कुछ खेल कार्यक्रमों से प्रेरणा लेती है। पीठ ने वादी से कहा, “फिल्म शुक्रवार को रिलीज होने वाली है और पहली नजर में ‘सुविधा का संतुलन’ आपके पक्ष में नहीं दिखता। हो सकता है कि आपके कुछ महत्वपूर्ण अधिकार हों, लेकिन फिलहाल हम फिल्म की रिलीज या प्रदर्शन पर रोक नहीं लगाएंगे।” पीठ ने मामले की अगली सुनवाई शुक्रवार के लिए तय कर दी। इस मामले में सौरव गांगुली के साथ लव फिल्म्स एलएलपी भी वादी है। यह कंपनी पूर्व भारतीय क्रिकेट कप्तान सौरव गांगुली के जीवन पर आधारित एक बायोपिक बना रही है। सुनवाई के दौरान फिल्म निर्माताओं की ओर से पेश वकील ने अदालत को बताया कि फिल्म ‘दूसरा’ कोई बायोपिक नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि याचिकाकर्ता से संबंधित कुछ वीडियो क्लिप्स के उपयोग के लिए आवश्यक अनुमति पहले ही प्राप्त कर ली गई थी। हालांकि, सौरव गांगुली की ओर से पेश वकील ने तर्क दिया कि फिल्म से उनके मुवक्किल के व्यक्तित्व अधिकारों का उल्लंघन हो सकता है। उन्होंने अदालत को बताया कि फिल्म ‘दूसरा’ के निर्माण के लिए गांगुली से न तो कोई लाइसेंस लिया गया और न ही उनकी मंजूरी हासिल की गई। वकील ने यह भी कहा कि गांगुली के जीवन पर आधारित एक बायोपिक पहले से निर्माणाधीन है। वकील ने कहा कि फिल्म का प्रचार सौरव गांगुली के नाम पर किया जा रहा है। फिल्म निर्माताओं की ओर से पेश वकील ने अदालत में कहा कि 2002 की नेटवेस्ट वनडे सीरीज की वीडियो क्लिप्स के आधार पर कोई खिलाड़ी अपने ‘व्यक्तित्व के अधिकार’ का दावा नहीं कर सकता। उन्होंने यह भी तर्क दिया कि वादियों ने अभी तक फिल्म देखी ही नहीं है और उनकी आपत्तियां केवल अनुमानों पर आधारित हैं।

चीनी जन बैंक ने लॉन्ग मार्च की विजय की 90वीं वर्षगांठ पर सोने व चांदी के स्मारक सिक्कों का एक सेट जारी किया

बीजिंग। चीनी जन बैंक ने 22 अक्टूबर को चीनी श्रमिक एवं किसान लाल सेना के लॉन्ग मार्च की विजय की 90वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में सोने और चांदी के स्मारक सिक्कों का एक सेट जारी किया। इस सेट में दो सिक्के शामिल हैं, एक सोने का और एक चांदी का, दोनों ही चीन लोक गणराज्य की वैध मुद्रा हैं। सोने और चांदी के इन स्मारक सिक्कों के एक तरफ चीन लोक गणराज्य का राष्ट्रीय प्रतीक, देश का नाम और वर्ष अंकित है। 8 ग्राम के इस गोल सोने के स्मारक सिक्के के पिछले भाग पर पंचकोणीय तारा, हंसिया और हथौड़ा, प्रकाश की किरणें और बर्फ से ढके पहाड़ों और घास के मैदानों को पार करती लाल सेना का दृश्य अंकित है। इस पर “चीनी श्रमिक एवं किसान लाल सेना की लॉन्ग मार्च की विजय की 90वीं वर्षगांठ,” “1936-2026” और मूल्य भी अंकित है। इसकी अधिकतम ढलाई 10,000 सिक्कों की है। 30 ग्राम के इस गोल चांदी के स्मारक सिक्के के पिछले भाग पर लाल सेना के उत्तरी शैनशी तक के लॉन्ग मार्च और येनआन के पगोडा हिल को दर्शाने वाली मूर्तियां बनी हैं। इस पर “चीनी श्रमिक एवं किसान लाल सेना के लॉन्ग मार्च की विजय की 90वीं वर्षगांठ”, “1936-2026” और मूल्य लिखा है। इसकी अधिकतम ढलाई 20,000 सिक्कों की है।

तमिलनाडु में भारी बारिश का अलर्ट, राहुल गांधी ने राहत कार्यों के लिए कांग्रेस कार्यकर्ताओं से की अपील

नई दिल्ली। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल, केरल और लक्षद्वीप के लिए भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। भरी बारिश के अलर्ट को लेकर लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने चिंता जताई है और कांग्रेस कार्यकर्ताओं से मदद करने की अपील की है। मौसम विभाग के अनुसार, कोमोरिन क्षेत्र तथा उससे सटे दक्षिण तमिलनाडु और केरल के ऊपर बने निम्न दबाव क्षेत्र के प्रभाव से आगामी दिनों में कई इलाकों में तेज बारिश होने की संभावना है। आईएमडी के मुताबिक, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 22 से 26 अक्टूबर, केरल में 22 से 25 अक्टूबर और लक्षद्वीप में 22 से 24 अक्टूबर के दौरान कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा हो सकती है। इस बीच, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने तमिलनाडु में हो रही भारी बारिश को लेकर चिंता जताई है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट कर लिखा कि उनकी संवेदनाएं बारिश से प्रभावित सभी लोगों के साथ हैं। राहुल गांधी ने कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं से प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचकर राहत कार्यों में मदद करने की अपील की। उन्होंने कहा कि स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर काम करें और बुजुर्गों एवं सबसे अधिक प्रभावित लोगों की विशेष रूप से सहायता करें। उन्होंने लिखा, “तमिलनाडु में भारी बारिश से प्रभावित सभी लोगों के साथ मेरी संवेदनाएं हैं। मैं कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं से अपील करता हूं कि वे प्रभावित परिवारों तक पहुंचें और राहत कार्यों में सहायता करें। स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर काम करें और बुजुर्गों तथा सबसे कमजोर लोगों पर विशेष ध्यान दें।” राहुल गांधी ने तमिलनाडु के लोगों को संबोधित करते हुए कहा, “मेरे तमिलनाडु के भाइयों और बहनों, हम आपके साथ खड़े हैं। कृपया सुरक्षित रहें।” मौसम विभाग के अनुसार, तमिलनाडु में 26 अक्टूबर तक भारी से बहुत भारी बारिश जारी रहने की संभावना है। साथ ही शुक्रवार को बंगाल की खाड़ी के दक्षिण-पूर्व और उससे सटे पूर्व-मध्य हिस्से में एक नया निम्न दबाव क्षेत्र बनने की परिस्थितियां अनुकूल हैं, जो आगे चलकर चक्रवाती तूफान का रूप ले सकता है। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि संभावित चक्रवात का तमिलनाडु पर सीधा प्रभाव पड़ने की संभावना फिलहाल नहीं है। इसके विकास और दिशा को लेकर आगे की जानकारी बाद में जारी की जाएगी। पूर्वोत्तर मानसून के सक्रिय होने के साथ राज्य के कई हिस्सों में लगातार बारिश हो रही है। बुधवार सुबह तक के 24 घंटों में तीन जिलों में बहुत भारी और 13 जिलों में भारी वर्षा दर्ज की गई। चेन्नई के एमजीआर नगर में सबसे अधिक 15.4 सेंटीमीटर बारिश हुई। मौसम विभाग के अनुसार, गुरुवार को तिरुनेलवेली, तूतीकोरिन, कन्याकुमारी, तेनकासी, विरुधुनगर, रामनाथपुरम, थेनी, डिंडीगुल और मदुरै सहित दक्षिणी और पश्चिमी जिलों में तेज बारिश हो सकती है। इसके अलावा, कोयंबटूर, नीलगिरी, शिवगंगा, पुडुकोट्टई, तंजावुर, तिरुवरूर, नागपट्टिनम और मयिलादुथुरई में भी भारी बारिश की संभावना है। कई जगहों पर गरज, बिजली और तेज हवाओं के साथ बारिश हो सकती है। शुक्रवार को कन्याकुमारी, कोयंबटूर और नीलगिरी में कहीं-कहीं बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है। वहीं इरोड, सेलम, नमक्कल, करूर, तिरुचिरापल्ली और थेनी सहित कई जिलों में भारी बारिश का अनुमान है। राज्य के लिए जारी व्यापक चेतावनी में कहा गया है कि 26 अक्टूबर तक तमिलनाडु और पुडुचेरी के कई हिस्सों में भारी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का दौर जारी रह सकता है।

गुजरात: सीएम भूपेंद्र पटेल ने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे काठी छात्रों के लिए सुविधा का किया उद्घाटन

गांधीनगर। सिविल सेवा और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे काठी समुदाय के युवाओं को गुजरात के गांधीनगर में नवनिर्मित काठियावाड़ भवन में आवास, पुस्तकालय और एक समर्पित अध्ययन वातावरण उपलब्ध होगा। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने गुरुवार को काठी दरबार शिक्षा ट्रस्ट द्वारा स्थापित इस सुविधा का उद्घाटन किया और इसके निर्माण में योगदान देने वाले दानदाताओं को सम्मानित किया। इस सुविधा का उद्देश्य भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस), भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस), गुजरात लोक सेवा आयोग (जीपीएससी) और अन्य प्रतियोगी भर्ती प्रक्रियाओं की तैयारी कर रहे छात्रों को सहायता प्रदान करना है। समारोह में बोलते हुए मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने कहा कि शिक्षा केवल व्यक्तिगत विकास का साधन नहीं है, बल्कि समाज और राष्ट्र निर्माण का एक शक्तिशाली उपकरण भी है। उन्होंने आगे कहा, “भवन जैसी सामुदायिक रूप से संचालित सुविधाएं शहरों में अध्ययनरत युवाओं को आवास और शैक्षिक सहायता प्रदान करके राज्य सरकार के प्रयासों को पूरक बनाती हैं।” मुख्यमंत्री ने काठी दरबार शिक्षा ट्रस्ट द्वारा समुदाय के युवाओं के लिए अवसर सृजित करने के प्रयासों की सराहना की और उन्हें ‘विकसित भारत-2047’ के विजन में भावी योगदानकर्ता बताया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मंत्र ‘साउनो साथ, साउनो विकास, साउनो विश्वास और साउनो प्रयास’ का जिक्र करते हुए सीएम पटेल ने विकास के अवसरों तक पहुंच बढ़ाने में सामुदायिक भागीदारी की भूमिका पर जोर दिया। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि काठियावाड़ भवन छात्रों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान उचित मार्गदर्शन, अध्ययन के लिए अनुकूल वातावरण, पुस्तकालय सुविधाएं और उपयुक्त आवास प्रदान करेगा। पटेल ने काठियावाड़ की धार्मिक, भक्ति और वीरता की विरासत पर भी प्रकाश डाला और जोगीदास खुमान, दान महाराज विसामन बापू और अला खाचर जैसे व्यक्तित्वों को साहस, सेवा, त्याग और मजबूत मूल्यों के उदाहरण के रूप में प्रस्तुत किया। उन्होंने आगे कहा, “यह प्रशंसनीय है कि काठी समुदाय शिक्षा, ज्ञान, कौशल और आधुनिक सोच के माध्यम से समाज को आगे बढ़ाते हुए अपनी परंपराओं को संरक्षित करने का प्रयास कर रहा है।” मुख्यमंत्री ने समुदाय के सदस्यों से ‘एक पेड़ मां के नाम’ जैसी पहलों में भाग लेकर गुजरात और देश के विकास में योगदान देने का आह्वान किया, जो वृक्षारोपण को प्रोत्साहित करती हैं, साथ ही ‘वोकल फॉर लोकल’ और स्वच्छता अभियानों में भी भाग लेने को कहा। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयास पर्यावरण संरक्षण में भी सहायक हो सकते हैं। उद्घाटन समारोह में सांसद परशोत्तम रूपाला, विधायक रीता पटेल और महेश कसवाला, किसान मोर्चा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बाबूभाई जेबलिया और गुजरात राज्य काठी क्षत्रिय समाज के नेता सत्यजीत कुमार उपस्थित थे। जूनागढ़ गोरखनाथ आश्रम के महंत शेरनाथ बापू, पालियाड के महंत गेबिनाथ बापू, अन्य धार्मिक नेता, भाजपा नगर अध्यक्ष आशीष दवे, राज्य मीडिया संयोजक प्रशांत वाला, दानदाता और समुदाय के बड़ी संख्या में प्रतिनिधि भी समारोह में उपस्थित थे।

मणिपुर के राज्यपाल ने भारत-म्यांमार सीमा पर बाड़बंदी के कार्यों की समीक्षा की

इंफाल। मणिपुर के राज्यपाल अजय कुमार भल्ला ने गुरुवार को वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक में भारत-म्यांमार सीमा पर चल रही बाड़बंदी के कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। लोकभवन के अधिकारी ने बताया कि राज्यपाल ने बैठक में अधिकारियों को बाड़बंदी के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। लोकभवन में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में मुख्य सचिव राजीव सिंह ठाकुर, सुरक्षा सलाहकार कुलदीप सिंह, पुलिस महानिदेशक मुकेश सिंह, राज्य गृह आयुक्त एन. अशोक कुमार और अतिरिक्त मुख्य सचिव उपस्थित थे। सीमा सड़क कार्य बल (बीआरटीएफ) और असम राइफल्स के अधिकारी, तथा उखरुल के उपायुक्त भी बैठक में उपस्थित थे। चुराचंदपुर, चंदेल और तेंगनुपाल के अतिरिक्त उपायुक्त वर्चुअल माध्यम से बैठक में शामिल हुए। 25 बीआरटीएफ के कमान अधिकारी कर्नल देव ने सीमा पर चल रहे बाड़बंदी कार्यों की प्रगति पर विस्तृत प्रस्तुति दी। मणिपुर के पांच जिले चुराचंदपुर, तेंगनुपाल, चंदेल, कामजोंग और उखरुल – म्यांमार के साथ 398 किलोमीटर लंबी बिना बाड़ वाली अंतरराष्ट्रीय सीमा साझा करते हैं। मणिपुर के मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने हाल ही में नई दिल्ली में हुई नीति आयोग की बैठक में लंबी अंतरराष्ट्रीय सीमा के बेहतर प्रबंधन, बेहतर निगरानी प्रणालियों और मादक पदार्थों की तस्करी, हथियारों की तस्करी और मानव तस्करी के खिलाफ संयुक्त कार्रवाई की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने नीति आयोग को यह भी बताया कि भारत-म्यांमार सीमा पर अवैध हथियारों और मादक पदार्थों की तस्करी को रोकने के लिए गृह मंत्रालय ने 50 किलोमीटर की सीमा बाड़बंदी पूरी कर ली है। उन्होंने कहा कि 80 किलोमीटर की बाड़बंदी का काम शुरू हो चुका है। म्यांमार के साथ अपनी लंबी और खुली अंतरराष्ट्रीय सीमाओं और विश्व के प्रमुख अवैध मादक पदार्थों के उत्पादन क्षेत्रों में से एक, गोल्डन ट्रायंगल के निकट होने के कारण मणिपुर और मिजोरम पूर्वोत्तर में मादक पदार्थों की तस्करी के प्रमुख गलियारों के रूप में उभरे हैं। म्यांमार, लाओस और थाईलैंड के कुछ हिस्सों से मिलकर बना गोल्डन ट्रायंगल लंबे समय से मादक दवाओं और मनोरोगी पदार्थों के अवैध उत्पादन और तस्करी से जुड़ा रहा है। भारत के उत्तरपूर्वी राज्यों से इस क्षेत्र की निकटता के कारण सीमा पार मादक पदार्थों की तस्करी को रोकने के लिए काम कर रही सुरक्षा बलों और मादक पदार्थों पर नियंत्रण एजेंसियों के लिए लगातार चुनौतियां बनी हुई हैं। मिजोरम के छह जिले और मणिपुर के पांच जिले म्यांमार के साथ 910 किलोमीटर लंबी अंतरराष्ट्रीय सीमा साझा करते हैं, जिसका अधिकांश भाग बिना बाड़ के है, जिससे यह क्षेत्र सीमा पार तस्करी और मादक पदार्थों और प्रतिबंधित वस्तुओं से जुड़ी अन्य अवैध गतिविधियों के प्रति संवेदनशील हो जाता है। इस क्षेत्र में तस्करी की जाने वाली वस्तुओं और पदार्थों में अत्यधिक नशीले मेथम्फेटामाइन टैबलेट, हेरोइन, विदेशी सिगरेट, उर्वरक और अन्य प्रतिबंधित उत्पाद शामिल हैं।

दुर्गा पूजा के दौरान कोलकाता मेट्रो ने बनाया रिकॉर्ड, 6 दिनों में 61.51 लाख लोगों ने किया सफर

कोलकाता। कोलकाता में दुर्गा पूजा के दौरान मेट्रो ने यात्रियों की संख्या के मामले में नया रिकॉर्ड बनाया। पंचमी से दशमी तक के छह दिनों में 61.51 लाख यात्रियों ने मेट्रो सेवा का उपयोग किया। इस दौरान किसी बड़ी अप्रिय घटना की भी सूचना नहीं मिली। 22 अक्टूबर को जारी आंकड़ों के अनुसार, दुर्गा पूजा के दौरान पंडाल घूमने वाले लोगों की सुविधा के लिए सप्तमी, अष्टमी और नवमी पर ब्लू लाइन (गरिया-दक्षिणेश्वर) और ग्रीन लाइन (हावड़ा मैदान-साल्ट लेक सेक्टर-5) पर पूरी रात मेट्रो सेवाएं चलाई गईं। इसके अलावा अन्य मेट्रो लाइनों पर भी अतिरिक्त ट्रेनें संचालित की गईं। मेट्रो अधिकारियों के अनुसार, षष्ठी के दिन अकेले 12.01 लाख यात्रियों ने मेट्रो से यात्रा की। यह कोलकाता मेट्रो के इतिहास में एक दिन का अब तक का सबसे अधिक यात्री आंकड़ा है। तुलना के तौर पर वर्ष 2025 में पंचमी से दशमी के बीच विशेष मेट्रो सेवाओं का उपयोग करने वाले यात्रियों की संख्या 46.56 लाख थी। पंचमी से दशमी के बीच दमदम स्टेशन पर सबसे अधिक भीड़ दर्ज की गई, जहां 4.97 लाख से अधिक यात्रियों ने आवाजाही की। इसके बाद कालीघाट स्टेशन दूसरे स्थान पर रहा, जहां 4.83 लाख से अधिक यात्रियों ने यात्रा की। वहीं सियालदह स्टेशन पर इसी अवधि में 4.19 लाख से अधिक यात्रियों का आवागमन दर्ज किया गया। अधिकारियों ने बताया कि अब कोलकाता में मेट्रो नेटवर्क के विस्तार के कारण शहर और उपनगरों के लोग दुर्गा पूजा पंडालों में आने-जाने के लिए बड़ी संख्या में मेट्रो को प्राथमिकता दे रहे हैं। दमदम स्टेशन पर अधिक भीड़ का एक प्रमुख कारण यह भी रहा कि यह स्टेशन मेट्रो और उत्तर कोलकाता की उपनगरीय रेलवे सेवाओं के बीच महत्वपूर्ण कनेक्शन का काम करता है। मेट्रो अधिकारियों ने कहा कि दुर्गा पूजा के दौरान भीड़ प्रबंधन एक बड़ी चुनौती थी। इसके लिए पहले से विस्तृत योजना बनाई गई और अधिकारियों एवं कर्मचारियों की भूमिकाएं स्पष्ट रूप से तय की गईं। पूजा से पहले विभिन्न विभागों और स्टेशन कर्मचारियों के साथ कई बैठकें आयोजित की गईं, ताकि भीड़ को प्रभावी ढंग से संभालने की कार्ययोजना तैयार की जा सके। सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए भीड़भाड़ वाले स्टेशनों पर बड़ी संख्या में अधिकारी और कर्मचारी तैनात किए गए। इसके अलावा कोलकाता पुलिस और पश्चिम बंगाल पुलिस के साथ लगातार समन्वय बनाए रखा गया। यात्रियों की सुरक्षा के लिए रेलवे सुरक्षा बल और राज्य पुलिस के जवानों को भी स्टेशनों पर तैनात किया गया था। भीड़ की निगरानी और नियंत्रण के लिए व्यापक स्तर पर सीसीटीवी निगरानी की व्यवस्था की गई थी, जिससे सुरक्षा बलों की तैनाती और भीड़ को नियंत्रित करने में मदद मिली। किसी भी चिकित्सा आपात स्थिति से निपटने के लिए प्रमुख स्टेशनों पर डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ के साथ मेडिकल बूथ भी स्थापित किए गए थे। व्यवस्थाओं की निगरानी के लिए कोलकाता मेट्रो के महाप्रबंधक प्रेम सागर गुप्ता समेत वरिष्ठ अधिकारियों ने विभिन्न स्टेशनों का दौरा किया और ट्रेनों में यात्रा कर हालात का जायजा लिया। इसके अलावा 22 अक्टूबर को मेट्रो रेलवे ने विभिन्न स्टेशनों पर रेल जन संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया, जिसमें यात्रियों ने मेट्रो की साफ-सफाई, सेवाओं और अन्य सुविधाओं को लेकर अपनी राय और सुझाव दिए। वरिष्ठ अधिकारियों ने यात्रियों को भरोसा दिलाया कि सभी सुझावों की समीक्षा की जाएगी और जो सुझाव व्यावहारिक होंगे, उन्हें लागू करने पर विचार किया जाएगा।

आखिर दिक्कत क्या है, मार्को रुबियो से मुंबई में मुलाकात पर विदेश मंत्री एस. जयशंकर

नई दिल्ली। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने गुरुवार को कहा कि उन्हें समझ नहीं आता कि विपक्षी दल अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो की मुंबई यात्रा और वहां हुई बैठक की आलोचना क्यों कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अतीत में भी भारतीय नेता विदेशी नेताओं से दिल्ली के बाहर मुलाकात करते रहे हैं। एनडीटीवी वर्ल्ड समिट में बोलते हुए एस. जयशंकर ने कहा, “मुझे यह समझ नहीं आया। क्या उन्हें मुंबई पसंद नहीं है? क्या उन्हें मुंबई से कोई समस्या है? मेरा मानना है कि यह एक शानदार शहर है। यह देश की वित्तीय राजधानी है, बॉलीवुड की राजधानी है और यहां बहुत कुछ है। शायद मुंबई उन्हें पसंद नहीं करती, मुझे नहीं पता कि उन्हें इससे क्या आपत्ति है।” पिछले सप्ताह कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने मुंबई में जयशंकर और मार्को रुबियो की मुलाकात को लेकर केंद्र सरकार पर तंज कसते हुए इसे “तलब किया जाना” बताया था। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए एस. जयशंकर ने कई पुराने उदाहरणों का जिक्र किया, जब भारतीय नेताओं ने दिल्ली से बाहर जाकर विदेशी नेताओं से मुलाकात की थी। उन्होंने कहा, “अगर दिल्ली से बाहर जाकर किसी विदेशी नेता या समकक्ष से मिलना तलब किया जाना है, तो मैं आपको कई उदाहरण दे सकता हूं। इंदिरा गांधी, भुट्टो से मिलने शिमला गई थीं। क्या उन्हें तलब किया गया था? सलमान खुर्शीद जयपुर में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री से मिलने गए थे। क्या उन्हें तलब किया गया था?” विदेश मंत्री एस. जयशंक ने कहा, “हम सभी समझदार लोग हैं, इसलिए इस विषय पर परिपक्व तरीके से चर्चा करनी चाहिए।” विदेश मंत्री ने 19 और 20 अक्टूबर को मुंबई में संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) और अमेरिका के अपने समकक्षों की मेजबानी की थी। इसके साथ ही उन्होंने अमेरिका की स्वतंत्रता की 250वीं वर्षगांठ के समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में भी हिस्सा लिया था। इससे पहले पिछले सप्ताह विदेश मंत्रालय ने भी जयशंकर की द्विपक्षीय बैठकों के लिए मुंबई को चुने जाने को लेकर की गई आलोचनाओं को खारिज कर दिया था। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने साप्ताहिक प्रेस वार्ता में कहा था कि पिछले लगभग एक दशक से विदेशी नेताओं और गणमान्य व्यक्तियों की मेजबानी दिल्ली के बाहर भी की जाती रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्पेन के प्रधानमंत्री की मेजबानी वडोदरा में की थी। जर्मनी के चांसलर की मेजबानी अहमदाबाद में की गई थी। मॉरीशस के प्रधानमंत्री की मेजबानी वाराणसी में की गई थी। उन्होंने यह भी बताया कि विदेश मंत्री ने एससीओ विदेश मंत्रियों की बैठक गोवा में आयोजित की थी, जबकि बोत्सवाना के विदेश मंत्री की मेजबानी गुजरात के केवड़िया में की गई थी। इसके अलावा हार्ट ऑफ एशिया सम्मेलन का आयोजन अमृतसर में किया गया था। विदेश मंत्रालय के अनुसार, दिल्ली के बाहर विदेशी नेताओं की मेजबानी करना कोई नई बात नहीं है और यह लंबे समय से अपनाई जा रही कूटनीतिक परंपरा का हिस्सा है।

दिलजीत दोसांझ के शो को अनुमति नहीं मिलने पर तथ्यों को तोड़-मरोड़ पेश रही ‘आप’: दिल्ली भाजपा

नई दिल्ली। दिल्ली भाजपा अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा ने गुरुवार को गायक दिलजीत दोसांझ के 30 अक्टूबर को प्रस्तावित दिल्ली शो को अनुमति नहीं दिए जाने के मुद्दे पर आम आदमी पार्टी (आप) की आलोचना की। उन्होंने कहा कि सुरक्षा कारणों से दिल्ली पुलिस द्वारा अनुमति न दिए जाने को लेकर आप छोटी राजनीति कर रही है। हर्ष मल्होत्रा ने कहा कि आप नेताओं का यह आरोप पूरी तरह गलत और हास्यास्पद है कि किसानों के आंदोलन का समर्थन करने के कारण दबाव में आकर दिल्ली पुलिस ने दिलजीत दोसांझ के कार्यक्रम को अनुमति नहीं दी। उन्होंने कहा कि दिलजीत दोसांझ एक लोकप्रिय गायक हैं और वर्ष 2014 से 2024 के बीच उन्होंने कई विश्वविद्यालयों और इंदिरा गांधी स्टेडियम में कार्यक्रम किए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि किसानों के आंदोलन के बाद भी दिलजीत ने 26-27 अक्टूबर, 2024 को जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में एक बड़ा शो किया था। मल्होत्रा ने कहा कि इस समय सिर्फ दिल्ली ही नहीं, बल्कि पूरे देश में त्योहारों का मौसम चल रहा है। ऐसे में दिलजीत के कार्यक्रम में करीब एक लाख लोगों के आने की संभावना है, जो पहले से दबाव में काम कर रही सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी चुनौती हो सकती है। उन्होंने कहा कि जनता की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने संभवतः शो को अनुमति नहीं दी है। भाजपा नेता ने यह भी कहा कि हाल के दिनों में आप समेत कई विपक्षी दलों ने विरोध-प्रदर्शन किए हैं और पुलिस पर दबाव बनाया है। साथ ही विपक्ष ने 1 नवंबर को दिल्ली में एक रैली आयोजित करने की भी घोषणा की है। इस बीच, दिल्ली भाजपा के प्रवक्ता प्रवीण शंकर कपूर ने गुरुवार को दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) सदन में आप पार्षदों द्वारा किए गए हंगामे की आलोचना की। उन्होंने कहा कि एमसीडी सदन को आज की कार्यवाही में बाधा पहुंचाने वाले पार्षदों को दो महीने के लिए सदन की कार्यवाही से निलंबित करने का प्रस्ताव पारित करना चाहिए। प्रवीण शंकर कपूर ने कहा कि आज आप पार्षदों को प्रति तिमाही 25 लाख रुपए का विकास निधि अपर्याप्त लग रहा है, जबकि वर्ष 2023-24 और 2024-25 में जब आप की सरकार थी, तब उसने पूरे साल के लिए भी 25 लाख रुपए उपलब्ध नहीं कराए थे। उन्होंने आरोप लगाया कि उस समय आप सरकार स्थायी समिति और वार्ड समितियों का गठन करने में विफल रही थी, जिसके कारण विकास कार्य प्रभावित हुए थे।

धामी कैबिनेट की बैठक, 7412 करोड़ के अनुपूरक बजट समेत 26 प्रस्तावों पर लगी मुहर

देहरादून। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 27 अक्टूबर से गैरसैंण में शुरू होने वाले विधानसभा सत्र से पहले गुरुवार को राज्य सचिवालय में कैबिनेट बैठक की अध्यक्षता की। दोपहर 3:55 बजे शुरू हुई इस अहम बैठक में कई बड़े फैसले लिए गए। सीएम पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में करीब 26 प्रस्तावों पर मुहर लगी। इस बैठक में कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य और राम सिंह कैड़ा शामिल नहीं हुए। सबसे बड़ा फैसला अनुपूरक बजट को लेकर लिया गया। कैबिनेट ने करीब 7412 करोड़ रुपए के अनुपूरक बजट को मंजूरी दे दी है, जिसे आगामी मानसून सत्र में गैरसैंण में पेश किया जाएगा। अनुसूचित जाति-जनजाति के छात्रों को नि:शुल्क कोचिंग देने के लिए परिवार की सालाना आय सीमा 2 लाख से बढ़ाकर 8 लाख कर दी गई है। दिव्यांगजनों को उत्तराखंड बोर्ड की परीक्षा में 5 अंकों की छूट मिलेगी। ऊधमसिंह नगर जिले के राजकीय आश्रम पद्धति बालिका आवासीय विद्यालय को अपग्रेड कर हाईस्कूल का दर्जा दिया जाएगा। जिला एवं प्रशिक्षण संस्थान (डीआईईटी) के ढांचे के पुनर्गठन को भी मंजूरी मिली। उरेडा के ढांचे का पुनर्गठन होगा। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के समूह-ग और समूह-घ के कर्मचारियों के लिए सेवा नियमावली को मंजूरी दी गई। निदेशालय विभागीय लेखा के संरचनात्मक ढांचे में मिनिस्टीरियल संवर्ग के पदों का पुनर्गठन होगा। अब पुल और सड़क निर्माण के लिए अलग-अलग नहीं, बल्कि एक ही स्वीकृति से काम होगा। स्टांप संबंधित वादों के निस्तारण के लिए वन टाइम सेटलमेंट योजना को मंजूरी मिली। उत्तर प्रदेश पुनर्निर्माण अधिनियम 2000 में जनजातियों की सूची में अंकित ‘जन्नासारी’ को ‘जौनसारी’ करने पर कैबिनेट ने मुहर लगाई। समान नागरिक संहिता (यूसीसी) के प्रावधानों में लिपिकीय त्रुटि को दूर करते हुए यूसीसी संशोधन को मंजूरी दी गई। उत्तराखंड विधि संशोधन विधेयक, 2026 को अधिनियमित करने की भी मंजूरी मिली। पीएम पोषण योजना के तहत अन्नामृत फाउंडेशन को हरिद्वार और उधम सिंह नगर में सेंट्रल किचन बनाने के लिए भूमि आवंटन को मंजूरी दी गई। उत्तराखंड में साहसिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए उत्तराखंड एडवेंचर टूरिज्म कॉरपोरेशन लिमिटेड के गठन को मंजूरी मिली। उत्तराखंड मानवाधिकार आयोग की वार्षिक रिपोर्ट 2019-22 को विधानसभा पटल पर रखने की मंजूरी दी गई। इसके अलावा हरिद्वार में आरोग्यम विश्वविद्यालय और बीएमएस विश्वविद्यालय नाम से दो नए निजी विश्वविद्यालयों को मंजूरी मिली। राष्ट्रीय और राज्य स्तर पर पुरस्कार प्राप्त करने वाले खिलाड़ियों को उत्तराखंड रोडवेज की बसों में निशुल्क यात्रा का लाभ मिलेगा और हर जिले में मुख्य खेल प्रशिक्षक तैनात किए जाएंगे। निराश्रित महिलाओं के लिए मुख्यमंत्री एकल नारी सम्मान योजना को भी कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है।

चेन्नई में 1.5 लाख से अधिक लावारिस कुत्तों का हुआ टीकाकरण

चेन्नई। ग्रेटर चेन्नई निगम ने निवासियों की सुरक्षा और रेबीज मुक्त शहर के लक्ष्य की ओर बढ़ने के लिए शुरू किए गए एक विशेष अभियान के तहत 1,50,303 लावारिस कुत्तों को रेबीज का टीका लगाया है। निगम आयुक्त जीएस समीरन ने गुरुवार को यह जानकारी दी। 11 अगस्त से 21 अक्टूबर के बीच चलाए गए इस टीकाकरण अभियान में आंतरिक और बाहरी परजीवियों के उपचार की सुविधा भी प्रदान की गई। निगम ने कहा कि यह अभियान तमिलनाडु को रेबीज मुक्त बनाने के मुख्यमंत्री के निर्देश को लागू करने के प्रयासों का हिस्सा है। 11 अगस्त को शुरू किए गए इस व्यापक टीकाकरण और परजीवी नियंत्रण कार्यक्रम में निगम के 15 जोन में लावारिस कुत्तों को शामिल किया गया है। निगम के एक बयान के अनुसार, वलसारवक्कम, अड्यार और शोलिंगनल्लूर में शिविर वर्तमान में जारी हैं। जिन क्षेत्रों को इसमें शामिल किया गया है, उनमें अंबत्तूर में सबसे अधिक 21,844 लावारिस कुत्तों का टीकाकरण और परजीवी उपचार किया गया। माधवराम में 15,038 कुत्तों का टीकाकरण हुआ, जबकि थिरु वी का नगर में 13,849 कुत्तों का टीकाकरण किया गया। निगम ने पेरुंगुडी में 12,752, टोंडियारपेट में 12,477 और तिरुवोट्टियूर में 12,313 कुत्तों के टीकाकरण की सूचना दी। अन्ना नगर में 11,895 और कोडंबक्कम में 10,131 कुत्तों का टीकाकरण किया गया। रॉयपुरम में 8,598 कुत्तों का टीकाकरण और उपचार किया गया, जबकि तेयनमपेट में 7,782, मनाली में 7,200 और अलंदूर में 4,343 कुत्तों का टीकाकरण किया गया। तीनों क्षेत्रों में जहां शिविर चल रहे हैं, वहां नगर निगम ने अब तक वलसारवक्कम में 3,943, अड्यार में 3,985 और शोलिंगनल्लूर में 4,153 कुत्तों का टीकाकरण किया है। इसी कार्यक्रम के तहत इन कुत्तों का आंतरिक और बाहरी परजीवियों का उपचार भी किया गया। नगर निगम ने कहा कि इन विशेष शिविरों का उद्देश्य आम जनता को रेबीज से बचाना और साथ ही पूरे शहर में आवारा कुत्तों को निवारक पशु चिकित्सा देखभाल प्रदान करना है। इस अभियान में रेबीज रोधी टीकाकरण और परजीवी उपचार को मिलाकर विशेष शिविरों के माध्यम से दोनों उपाय एक साथ किए जा रहे हैं। निगम के बयान में प्रत्येक क्षेत्र में किए गए कार्यों का विस्तृत विवरण दिया गया और उन तीन क्षेत्रों की पहचान की गई जहाँ 21 अक्टूबर तक काम जारी था। समीरन ने निवासियों, पालतू पशुओं के मालिकों और पशु कल्याण कार्यकर्ताओं से इस अभियान को चलाने और “रेबीज मुक्त चेन्नई” के लक्ष्य को प्राप्त करने में निगम के साथ सहयोग करने की अपील की। ​​निगम ने चल रहे शिविरों में जनता की भागीदारी का आह्वान किया और कहा कि समुदायों और पशु कल्याण से जुड़े लोगों का सहयोग चेन्नई में रेबीज उन्मूलन के प्रयास का एक हिस्सा है।