विकसित भारत के लिए जल प्रबंधन पर मंथन, भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन के आवास पर जुटे जल संसाधन मंत्री

नई दिल्ली। भाजपा शासित राज्यों के जल संसाधन मंत्रियों का दो दिवसीय ‘जल मंथन’ कार्यक्रम बुधवार को राष्ट्रीय राजधानी में शुरू हो गया। कार्यक्रम के तहत सभी भाजपा शासित राज्यों के जल संसाधन मंत्री भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के आवास पर आयोजित विशेष बैठक और रात्रि भोज में शामिल हुए। जानकारी के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बैठक के बाद भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के आवास पर ‘विकसित भारत’ जल शक्ति मंत्रियों की कार्यशाला का शुभारंभ हुआ। बैठक में केंद्र और राज्यों के बीच जल प्रबंधन से जुड़े मुद्दों पर व्यापक चर्चा की गई। बैठक में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री डीआर पाटिल भी मौजूद रहे। इसके अलावा भाजपा के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री बीएल संतोष और राष्ट्रीय उपाध्यक्ष विनय सहस्रबुद्धे ने भी बैठक में भाग लिया। भाजपा सूत्रों के अनुसार, गुरुवार को पार्टी के केंद्रीय कार्यालय में भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन की अध्यक्षता में जल शक्ति मंत्रियों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जाएगी। इसमें भाजपा शासित सभी राज्यों के जल संसाधन मंत्री हिस्सा लेंगे। बैठक के दौरान सिंचाई व्यवस्था, जल प्रबंधन, भूजल संरक्षण, जल सुरक्षा और जल संसाधनों के बेहतर उपयोग जैसे विषयों पर अलग-अलग सत्र आयोजित किए जाएंगे। इन सत्रों में विभिन्न राज्यों के अनुभवों और सफल मॉडलों को साझा किया जाएगा, ताकि जल संरक्षण और जल प्रबंधन के क्षेत्र में बेहतर समन्वय स्थापित किया जा सके। भाजपा नेतृत्व का मानना है कि विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने के लिए जल संसाधनों का प्रभावी प्रबंधन और संरक्षण बेहद महत्वपूर्ण है। इसी उद्देश्य से राज्यों के मंत्रियों और विशेषज्ञों के बीच विचार-विमर्श का यह कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। बैठक के उपरांत सभी राज्यों के जल संसाधन मंत्री नितिन नवीन द्वारा आयोजित रात्रि भोज में शामिल हुए और इसके बाद अपने आवास के लिए रवाना हुए। यह दो दिवसीय कार्यक्रम जल क्षेत्र में केंद्र और राज्यों के बीच समन्वय को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

शी चिनफिंग ने काहिरा पहुंचकर मिस्र की राजकीय यात्रा शुरू की

बीजिंग। चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सिसी के निमंत्रण पर स्थानीय समायनुसार 1 सितंबर की रात विशेष विमान से काहिरा पहुंचकर मिस्र की राजकीय यात्रा शुरू की। शी चिनफिंग और उनकी पत्नी फंग लीयुएं के काहिरा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पहुंचने पर सिसी दंपत्ति ने उनका जोशपूर्ण स्वागत किया। शी चिनफिंग ने एक लिखित भाषण देकर चीन सरकार और चीनी जनता की ओर मिस्र सरकार और जनता को अभिवादन और शुभकामनाएं दीं। शी चिनफिंग ने कहा कि चीन और मिस्र दोनों पुरानी सभ्यता वाले देश हैं और परंपरागत मित्रता हजार वर्षों में बरकरार रही है। राजनयिक संबंध की स्थापना के 70 वर्षों में चाहे अंतरराष्ट्रीय और क्षेत्रीय स्थिति में कैसे भी बदलाव आयें हों, दोनों देश हमेशा एकजुट होकर सहयोग कर रहे हैं। इधर कुछ साल राष्ट्रपति सिसी और मेरे मार्गदर्शन में चीन-मिस्र सर्वांगीण रणनीतिक साझेदारी का युंगातर विकास पूरा हुआ है। मौजूदा यात्रा के दौरान मैं राष्ट्रपति सिसी के साथ द्विपक्षीय संबंध, दोनों देशों के चौतरफा सहयोग और समान चिंता वाले अंतराष्ट्रीय तथा क्षेत्रीय सवालों पर रायों का गहन आदान-प्रदान करेंगे, एक साथ चीन-मिस्र सर्वांगीण रणनीतिक साझेदारी के विकास की रूपरेखा खींचेंगे और चीन-मिस्र मित्रता का नया ऐतिहासिक अध्याय जोड़ेंगे।

डिस्ट्रिक्ट मिनरल फाउंडेशन मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ईडी की कार्रवाई, एक गिरफ्तार

रायपुर। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के रायपुर जोनल ऑफिस ने छत्तीसगढ़ में डिस्ट्रिक्ट मिनरल फाउंडेशन (डीएमएफ) फंड के गलत इस्तेमाल से जुड़े मामले में सतपाल सिंह छाबड़ा को प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (पीएमएलए), 2002 के तहत गिरफ्तार किया। ईडी द्वारा उन्हें मंगलवार को रायपुर की स्पेशल कोर्ट (पीएमएलए) में पेश किया गया और कोर्ट ने 5 दिन की ईडी कस्टडी रिमांड मंजूर की। इस संबंध में जानकारी देते हुए ईडी ने बुधवार को बताया कि छत्तीसगढ़ में डीएमएफ फंड के गलत इस्तेमाल से जुड़े डीएमएफ घोटाले के मामले में एसीबी/ईओडब्ल्यू, रायपुर और छत्तीसगढ़ पुलिस द्वारा दर्ज कई एफआईआर के आधार पर जांच शुरू की थी। जांच से पता चला कि माइनिंग गतिविधियों से प्रभावित लोगों और इलाकों के फायदे के लिए हर रेवेन्यू जिले में बनाए गए डीएमएफ ट्रस्ट का सरकारी कर्मचारियों, बिचौलियों और वेंडरों के एक संगठित सिंडिकेट ने गलत इस्तेमाल किया। फाइनेंशियल ईयर 2019-20 से 2023-24 के दौरान डीएमएफटी के तहत अलग-अलग जिलों को मिले लगभग 9,188.20 करोड़ रुपए में से एक हिस्से को सप्लाई-ओरिएंटेड कामों को प्राथमिकता देकर उसके असली मकसद से हटा दिया गया। इन कामों में ज्यादा कीमत बताने और कमीशन बनाने की गुंजाइश ज्यादा थी। इन फंड का एक बड़ा हिस्सा छत्तीसगढ़ राज्य बीज एवं कृषि विकास निगम (बीज निगम) के जरिए भेजा गया, जहां एजेंट/बिचौलियों ने ‘रेट कॉन्ट्रैक्ट होल्डर’ कंपनियों को जारी किए गए परचेज ऑर्डर की बेस वैल्यू का 25 प्रतिशत से 50 प्रतिशत तक कमीशन लिया। इस कमीशन का एक बड़ा हिस्सा वर्क ऑर्डर जारी करने और पेमेंट जारी करवाने के लिए सरकारी कर्मचारियों और प्रभावशाली लोगों को दिया गया। सतपाल सिंह छाबड़ा इस सिंडिकेट के मुख्य बिचौलियों और फाइनेंशियल कोऑर्डिनेटर्स में से एक थे। उसने सप्लाई-बेस्ड डीएमएफटी कामों की पहचान की जिनसे मोटा कमीशन मिल सकता था। उन्होंने ऐसे कामों को चुने हुए वेंडरों के बीच प्रतिशत के आधार पर बांटा, काम के ऑर्डर जारी करने और पेमेंट करने में मदद की, वेंडरों से कमीशन इकट्ठा किया और सिंडिकेट के सदस्यों के बीच उसे बांटने में शामिल रहा। ईडी ने इस मामले में पहले पीएमएलए, 2002 की धारा 17(1) के तहत 3 सितंबर 2025 से 4 सितंबर 2025 तक तलाशी ली थी, जिसमें कई अपराध से जुड़े दस्तावेज जब्त किए गए थे। ईडी को बैंकिंग ट्रांजैक्शन और पीएमएलए, 2002 की धारा 17 और 50 के तहत दर्ज बयानों के विश्लेषण से पता चला कि उसे कुल मिलाकर लगभग 31 करोड़ रुपए का अवैध कमीशन मिला, जो अपराध से हुई कमाई है। यह रकम आरोपी, उसके परिवार के सदस्यों, एचयूएफ और उसके कंट्रोल वाली संस्थाओं के खातों में मिली। इसके बाद, सतपाल सिंह छाबड़ा को मंगलवार को पीएमएलए, 2002 की धारा 19 के तहत गिरफ्तार किया गया। वहीं, ईडी की ओर से इस मामले से संबंधित आगे की जांच और कार्रवाई जारी है।

विमेंस डीपीएल: साउथ दिल्ली सुपरस्टार्स को 6 विकेट से हराकर नॉर्थ दिल्ली स्ट्राइकर्स बनी चैंपियन

नई दिल्ली। नॉर्थ दिल्ली स्ट्राइकर्स ने विमेंस दिल्ली प्रीमियर लीग 2026 का खिताब अपने नाम कर लिया है। इस टीम ने बुधवार को अरुण जेटली स्टेडियम में खेले गए खिताबी मैच में साउथ दिल्ली सुपरस्टार्स को 6 विकेट से मात दी। पहले बल्लेबाजी करने उतरी साउथ दिल्ली सुपरस्टार्स ने तय ओवरों में 6 विकेट खोकर 122 रन बनाए। टीम को पहली ही गेंद पर प्रिया पुनिया (0) के रूप में झटका लगा, जिसके बाद तनिष्का सिंह ने तनीषा सिंह के साथ दूसरे विकेट के लिए 24 गेंदों में 16 रन जोड़े। तनिष्का 18 गेंदों में 1 छक्के की मदद से 12 रन बनाकर आउट हुईं, जिसके बाद तनीषा ने कप्तान श्वेता सेहरावत के साथ तीसरे विकेट के लिए 29 गेंद में इतने ही रनों की साझेदारी करते हुए टीम को जैसे-तैसे 45 के स्कोर तक पहुंचाया। तनीषा सिंह 25 गेंदों में 21 रन बनाकर पवेलियन लौटीं, जिसके बाद कप्तान श्वेता ने मोर्चा संभाला। उन्होंने निशिका सिंह के साथ 40 गेंदों में 43 रन बनाकर टीम को 88 के स्कोर तक पहुंचाया। श्वेता टीम के खाते में 31 रन बनाकर आउट हुईं। इसके बाद दिशा नागर और निशिका सिंह ने पांचवें विकेट के लिए 25 रन बनाए। निशिका 39 रन बनाकर पवेलियन लौटीं। 30 गेंदों की पारी में उन्होंने 1 छक्का और 4 चौके लगाए। विपक्षी खेमे से रशिका बेनीवाल, अपेक्षा आनंद, प्रिया मिश्रा, नजमा और अर्चना को 1-1 सफलता हाथ लगी। इसके जवाब में नॉर्थ दिल्ली स्ट्राइकर्स ने 19 ओवरों में खिताबी जीत दर्ज कर ली। इस टीम को 9 के स्कोर पर उपासना यादव (9) के रूप में पहला झटका लगा। इसके बाद टीम ने 15 के स्कोर पर शिवी शर्मा (2) का विकेट भी गंवा दिया। यहां से अर्चना ने कप्तान आयुषी सोनी के साथ तीसरे विकेट के लिए 62 गेंदों में 71 रन की पारी खेली। अर्चना 36 गेंदों में 1 छक्के और 4 चौकों के साथ 40 रन बनाकर पवेलियन लौटीं। टीम को 86 के स्कोर पर तीसरा झटका लगा, जिसके बाद आयुषी सोनी ने नजमा के साथ चौथे विकेट के लिए 21 गेंदों में 19 रन जोड़े। आयुषी 39 गेंदों में 3 चौकों के साथ 43 रन बनाकर आउट हुईं। जब टीम का चौथा विकेट गिरा, उस समय तक स्कोर 105 पहुंच गया था। यहां से नजमा ने समायरा राघव के साथ 13 गेंदों में 23 रन की अटूट साझेदारी करते हुए टीम को ऐतिहासिक जीत दिलाई। विपक्षी खेमे से रूपाली मोहन, तनीषा सिंह और एकता भड़ाना को 1-1 सफलता हाथ लगी।

नेपाल में तबाही के बीच भारत की राहत जारी, पांचवां विमान दवाइयों और रेस्क्यू टीम के साथ काठमांडू पहुंचा

काठमांडू। नेपाल में विनाशकारी फ्लैश फ्लड के बाद भारत लगातार मानवीय सहायता पहुंचा रहा है। इसी क्रम में भारतीय वायुसेना (आईएएफ) का पांचवां राहत विमान बुधवार को काठमांडू पहुंचा। विमान में 11 सदस्यीय विशेष बचाव दल, अत्याधुनिक रेस्क्यू उपकरण और 5.5 टन आवश्यक दवाइयां भेजी गई हैं। विदेश मंत्रालय (एमईए) के अनुसार, काठमांडू पहुंचने पर भारत के राजदूत नवीन श्रीवास्तव ने राहत सामग्री नेपाल सरकार को सौंपी। यह सहायता 26 अगस्त को तिब्बत में ग्लेशियर ध्वस्त होने के बाद आई भीषण बाढ़ से प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव कार्यों के लिए भेजी गई है। इससे पहले विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने एक्स पर जानकारी देते हुए कहा कि भारत का पांचवां राहत विमान नेपाल के लिए रवाना हो गया है, जिसमें 11 सदस्यीय रेस्क्यू टीम, विशेष उपकरण और 5.5 टन जरूरी दवाइयां भेजी गई हैं। भारत अब तक नेपाल को 68 टन से अधिक राहत सामग्री और विशेष बचाव दल भेज चुका है। राहत सामग्री में कंबल, स्लीपिंग बैग, भारी क्षमता वाली तिरपाल, प्लास्टिक शीट, स्वच्छता किट, आवश्यक दवाइयां, खाद्य पैकेट, सोलर लैंप, पानी शुद्ध करने की गोलियां और पोर्टेबल जनरेटर शामिल हैं। नेपाल की राष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण एवं प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीआरआरएमए) के मुताबिक, बुधवार सुबह तक बाढ़ में बह गए 1,114 लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि 3,916 लोग अब भी लापता हैं। नेपाल के प्रधानमंत्री बलेंद्र शाह ने संसद में कहा कि हिमालयी क्षेत्र में जलवायु परिवर्तन से बढ़ते खतरों पर अंतरराष्ट्रीय समुदाय को गंभीरता से ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह आपदा जलवायु परिवर्तन के बढ़ते प्रभावों की चेतावनी है और नेपाल को इस मुद्दे को वैश्विक स्तर पर और मजबूती से उठाना होगा। विशेषज्ञों के अनुसार, नेपाल-चीन सीमा के पास भोटेकोशी नदी की सहायक लेंगदे खोला पर हिमस्खलन के कारण प्राकृतिक अवरोध बन गया था। बाद में पानी का दबाव बढ़ने पर यह अवरोध टूट गया, जिससे भीषण बाढ़ आई और भोटेकोशी से त्रिशूली नदी तक के कई इलाके तबाह हो गए।

नेपाल आपदा: अब तक 166 भारतीयों का रेस्क्यू, कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गए 410 भारतीय चीन से लौटे

नई दिल्ली। नेपाल में विनाशकारी बाढ़ के बाद भारत का राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है। विदेश मंत्रालय के अनुसार, अब तक 166 भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकाला जा चुका है, जिनमें बुधवार को बचाए गए तीन लोग भी शामिल हैं। वहीं, कैलाश मानसरोवर यात्रा और अन्य गतिविधियों के लिए तिब्बत स्वायत्त क्षेत्र गए 410 भारतीय नागरिक बुधवार को चीन से रवाना हो गए। भारत ने बुधवार को राहत सामग्री की पांचवीं खेप नेपाल भेजी। भारतीय वायुसेना का एक विमान काठमांडू पहुंचा, जिसमें करीब 5.5 टन चिकित्सा सामग्री भेजी गई। इसमें एंटीबायोटिक्स, दर्द निवारक दवाएं, सर्जिकल उपकरण और अन्य आवश्यक दवाएं शामिल हैं। इसके साथ ही विमान में 11 सदस्यीय विशेष बचाव दल और छह टन से अधिक आधुनिक रेस्क्यू उपकरण भी भेजे गए। भारत अब तक नेपाल को लगभग 74 टन राहत सामग्री उपलब्ध करा चुका है। विदेश मंत्रालय ने बताया कि भारत के राजदूत नवीन श्रीवास्तव ने राहत सामग्री नेपाल सरकार को सौंपी। यह सहायता 26 अगस्त को तिब्बत में ग्लेशियर ध्वस्त होने के बाद आई भीषण फ्लैश फ्लड से प्रभावित इलाकों में राहत कार्यों के लिए दी गई है। भारतीय सुरंग बचाव दल ने अपना बेस त्रिशूली से स्याब्रुबेसी स्थानांतरित कर दिया है, जिससे चिलीमे सुरंग तक पहुंचने में कम समय लगेगा। नेपाली सेना के साथ संयुक्त अभियान के दौरान दल ने कीचड़ और मलबे से भरी सुरंग में लगभग 100 मीटर आगे तक पहुंचने में सफलता हासिल की। एमईए ने बताया कि भारी मशीनरी पहुंचाने के लिए सुरंग तक अस्थायी सड़क बनाने की संभावना भी तलाश की जा रही है। बुधवार को भारत से पहुंचे 11 विशेषज्ञ त्रिशूली बाजार के पास पहुंच चुके हैं और गुरुवार से नेपाली सेना के साथ अभियान में शामिल होंगे। भारतीय फॉरेंसिक टीम काठमांडू की दो प्रयोगशालाओं में नेपाली विशेषज्ञों के साथ मिलकर डीएनए नमूनों की जांच और पहचान का काम कर रही है। नेपाल की राष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण एवं प्रबंधन प्राधिकरण के अनुसार, बुधवार सुबह तक बाढ़ में बहकर गए 1,114 लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि 3,916 लोग अब भी लापता हैं। नेपाल के प्रधानमंत्री बलेंद्र शाह ने संसद में कहा कि हिमालयी क्षेत्र में जलवायु परिवर्तन से बढ़ते खतरों पर अंतरराष्ट्रीय समुदाय को गंभीरता से ध्यान देना होगा। उन्होंने कहा कि यह आपदा नेपाल के भविष्य और जलवायु संकट को लेकर कई बड़े सवाल खड़े करती है। विशेषज्ञों के अनुसार, नेपाल-चीन सीमा के पास लेंगदे खोला पर हिमस्खलन से प्राकृतिक बांध बन गया था। बाद में यह बांध टूटने से भोटेकोशी नदी में भीषण बाढ़ आई, जिसने त्रिशूली नदी तक के क्षेत्रों में भारी तबाही मचाई।

वैश्विक विकास पहलः विश्व में दीर्घस्थायी बीमारी के इलाज का नुस्खा

बीजिंग। 2030 यूएन सतत विकास के लक्ष्य पूरा करने के लिए महज चार साल बाकी हैं, लेकिन वैश्विक विकास की स्थिति में रेड लाइट चमक रही है। 139 मूल्यांकन सूचकांकों में सिर्फ 36 प्रतिशत सूचकांक सुचारू रूप से आगे बढ़ रहे हैं, करीब आधे सूचकांक बहुत धीमी गति से चल रहे हैं और करीब 15 प्रतिशत सूचकांक बेसिक लाइन के नीचे गिर पड़े। हर दस व्यक्तियों में से एक अति गरीब है और 230 लोग अनाज के अभाव का सामना कर रहे हैं। दक्षिण और उत्तर के बीच खाई निरंतर बढ़ रही है। कहा जा सकता है कि विश्व दीर्घस्थायी बीमारी से पीड़ित है। इस बीमारी के इलाज के लिए चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने 2021 वर्ष में यूएन महासभा पर वैश्विक विकास पहल प्रस्तुत की, जो एक नुस्खे की तरह है। इस पहल में विकास पर प्राथमिकता देना, जन केंद्रित होना, सार्वभौमिकता और समावेश, सृजन से संचालित होना, मानव तथा प्रकृति का समंजस्यपूर्ण सहअस्तित्व और कार्रवाई उन्मुख होना शामिल है। पिछले पांच साल में चीनी बुद्धिमता पर आधारित इस नुस्खे ने वैश्विक विकास बढ़ाने में ठोस प्रगति प्राप्त की है। ध्यान रहे वर्तमान वैश्विक शासन में एक मुख्य सवाल है कि विकास का मुद्दा लंबे समय से दरकिनार किया गया है। शी चिनफिंग ने कई बार बताया कि विकास सभी समस्याओं के समाधान की कुंजी है। उनके विचार में खतरे और मतभेद की वृद्धि के दौर में विकास को वैश्विक एजेंडे के केंद्रीय स्थान पर रखना चाहिए। अब तक करीब 130 से अधिक देशों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों ने वैश्विक विकास पहल में भाग लिया है। करीब 100 देशों ने चीनी पक्ष के साथ सहयोग दस्तावेज पर हस्ताक्षर किए हैं। वैश्विक विकास पहल के मित्रों के समूह में 88 देश शामिल हुए हैं। इस पहल के प्रति विभिन्न देशों की सक्रिय हिस्सेदारी से इस नुस्खे का व्यावहारिक मूल्य दर्शाया गया है। चीन-संयुक्त राष्ट्र शांति व विकास कोष, वैश्विक विकास तथा दक्षिण दक्षिण सहयोग कोष आदि मंचों के जरिए वैश्विक विकास पहल ने 2,300 करोड़ अमेरिकी डॉलर की पूंजी प्रेरित की है। चीन ने वैश्विक विकास तथा दक्षिण दक्षिण सहयोग कोष में 400 करोड़ अमेरिकी डॉलर तक पूंजी लगाई। इस पहल के तहत 1,800 से अधिक सहयोगी परियोजनाएं लागू की गई हैं और 2 लाख से अधिक लोगों को प्रशिक्षित किया गया है, जिससे 120 से अधिक देशों के आम लोगों को लाभ मिला है। पांच साल के व्यवहार से साबित है कि वैश्विक विकास पहल की दिशा एकदम सही है और उसकी व्यावहारिक और मजबूत प्रभावकारिता है। भविष्य में अगर विभिन्न देश इस रास्ते पर चलते रहें, तो उसका प्रभाव और बड़ा होगा और अंत में सब लोग वैश्विक विकास का लाभ साझा कर सकेंगे।

‘जीवन की रक्षा से बढ़कर कोई मूल्यवान उपहार नहीं’, पीएम मोदी ने शेयर किया सुभाषित

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर बुधवार को सुभाषित शेयर किया गया। उन्होंने एक्स पर संस्कृत श्लोक, अभयस्यैव यो दाता तस्यैव सुमहत्फलम् । न हि प्राणसमं दानं त्रिषु लोकेषु विद्यते ॥ साझा किया है। प्रधानमंत्री ने जो श्लोक साझा किया है, उसका हिंदी अर्थ है, “जो व्यक्ति लोगों के भय को दूर करता है, वह विशेष पुण्य प्राप्त करता है। तीनों लोकों में जीवन की रक्षा से बढ़कर कोई मूल्यवान उपहार नहीं।” इसके पहले मंगलवार को पीएम मोदी ने एक्स पर पोस्ट किया था, “यस्य कृत्यं न जानन्ति मन्त्रं वा मन्त्रितं परे। कृतमेवास्य जानन्ति स वै पण्डित उच्यते॥” साझा किया है, जिसका हिंदी अर्थ है कि जिस व्यक्ति के कार्यों, योजनाओं, गोपनीय विचारों और रणनीतियों का ज्ञान दूसरों को तब तक नहीं होता, जब तक कि वे सफलतापूर्वक पूर्ण न हो जाएं, ऐसे संयमी, विवेकी और गंभीर व्यक्ति को ही वास्तव में बुद्धिमान कहा जाता है। बीते दिन सोमवार को प्रधानमंत्री की ओर से सुभाषित शेयर करते हुए लिखा गया था, “यद् यदेव प्रसक्तं हि वितर्कयति मानवः। अभ्यासात् तेन तेनास्य नतिर्भवति चेतसः।।” इस श्लोक का हिंदी अर्थ है कि मनुष्य जिस विषय या वस्तु के बारे में बार-बार सोचता है, उसका मन धीरे-धीरे उसी ओर आकर्षित होने लगता है। इसलिए हमें हमेशा अच्छे, शुभ और कल्याणकारी विचारों का ही चिंतन करना चाहिए। इससे पहले प्रधानमंत्री की ओर से 28 अगस्त को सोशल मीडिया पर सुभाषित शेयर किया गया था। तब पीएम ने ‘एक्स’ पर “एष प्रभावो रक्षायाः कथितस्ते युधिष्ठिर। जयदः सुखदश्चैव पुत्रारोग्यधनप्रदः॥” संस्कृत श्लोक लिखा था, जिसका हिंदी अर्थ है कि रक्षा सूत्र के प्रभावों का वर्णन करते हुए कहा गया है कि यह जय, सुख, संतति, आरोग्य एवं ऐश्वर्य प्रदान करने वाला है। 27 अगस्त को पीएम ने संस्कृत श्लोक शेयर करते हुए लिखा था, “मनुष्य को अपनी परम्पराओं और ज्ञान को आगे बढ़ाते हुए श्रेष्ठ कर्म करने चाहिए। उसे बुद्धि से निर्मित न्यायपूर्ण और प्रकाशमय मार्ग का अनुसरण करना चाहिए। श्रेष्ठ जनों के सदाचार को जीवन में अपनाकर निरन्तर विचारशील रहना चाहिए और दिव्य गुणों से सम्पन्न जनों का निर्माण करना चाहिए।

अमेरिका-ईरान के बीच युद्ध शुरू होने से भारतीय शेयर बाजार लाल निशान में खुला; निफ्टी 24,000 के नीचे फिसला

मुंबई। कमजोर वैश्विक संकेतों से भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत मंगलवार को गिरावट के साथ हुई। इस दौरान सेंसेक्स 472.96 अंक या 0.61 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 76,471.32 और निफ्टी 197.80 अंक या 0.82 प्रतिशत की गिरावट के साथ 23,858.00 पर था। बाजार में बिकवाली व्यापक आधार पर देखी गई। करीब सभी सूचकांक लाल निशान में थे। निफ्टी ऑटो, निफ्टी आईटी, निफ्टी रियल्टी, निफ्टी कंजप्शन, निफ्टी इंडिया डिफेंस और निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज सबसे ज्यादा गिरने वाले सूचकांकों में शामिल थे। लार्जकैप के साथ मिडकैप और स्मॉलकैप में भी बड़ी बिकवाली देखी गई। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 725.80 अंक या 1.15 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 62,608.70 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 199.85 अंक या 1.00 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 19,686.40 पर था। सेंसेक्स पैक में सन फार्मा और अदाणी पोर्ट्स गेनर्स थे। इन्फोसिस, एचसीएल टेक, टीसीएस, इंडिगो, एमएंडएम, एचडीएफसी बैंक, एनटीपीसी, टेक महिंद्रा, बीईएल, एचडीएफसी बैंक, एशियन पेंट्स, इटरनल, आईटीसी, टाटा स्टील, मारुति सुजुकी, बजाज फिनसर्व, टाटा स्टील और टाइटन लाल निशान में थे। ज्यादातर एशियाई बाजारों में गिरावट के साथ कारोबार हो रहा है। टोक्यो, शंघाई, हांगकांग, सोल और बैंकॉक लाल निशान में थे। अमेरिकी बाजार भी मंगलवार को लाल निशान में बंद हुए थे, जिसमें डाओ जोन्स 0.79 प्रतिशत की गिरावट के साथ और नैस्डैक 1.03 प्रतिशत की कमजोरी के साथ बंद हुआ। भारत के साथ वैश्विक बाजारों के गिरने की वजह अमेरिका और ईरान के बीच फिर से युद्ध शुरू होना है। विदेशी मीडिया की रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिकी सेना के सेंट्रल कमांड ने कहा कि उसने मंगलवार को इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स के ठिकानों पर कई हमले किए। इन ठिकानों में एयर डिफेंस साइट्स, रडार सिस्टम, समुद्री संपत्तियां और सुविधाएं, माइन बिछाने की क्षमताएं और कम्युनिकेशन साइट्स शामिल थीं। इसके जवाब में ईरान ने जॉर्डन और इराक में अमेरिकी ठिकानों पर हमला किया। इससे कच्चे तेल में बड़ा उछाल देखने को मिला है। बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड का दाम 4 प्रतिशत से ज्यादा बढ़कर 95 डॉलर प्रति बैरल और डब्ल्यूटीआई क्रूड का दाम 90 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया है।

अमेरिकी हमलों के जवाब में ईरान ने शुरू की कार्रवाई, खाड़ी में अमेरिकी ठिकानों को बनाया न‍िशाना

तेहरान। अमेरिकी हमलों के जवाब में ईरान ने भी हमले शुरू कर द‍िए हैं। ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने बताया क‍ि क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी ठिकानों और संपत्तियों पर जवाबी कार्रवाई की गई है। मंगलवार रात (स्थानीय समयानुसार) अपने आधिकारिक समाचार माध्यम ‘सेपाह न्यूज’ पर जारी बयान में आईआरजीसी ने कहा कि हमलावरों के खिलाफ उसका जवाब शुरू हो गया है। आईआरजीसी ने दावा किया कि उसकी वायु रक्षा प्रणाली ने एक अमेरिकी एमक्‍यू-9 रीपर ड्रोन को मार गिराया है। आईआरजीसी ने कहा कि उसकी एयरोस्पेस फोर्स ने जॉर्डन में कैंप टिटिन और बहरीन में शेख ईसा एयर बेस पर बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन से हमले किए। संगठन का दावा है कि इन हमलों में बड़ी संख्या में अमेरिकी सैनिक मारे गए और कई महत्वपूर्ण सैन्य सुविधाएं तथा लड़ाकू हेलीकॉप्टर नष्ट हुए। आईआरजीसी ने कहा कि अमेरिका के हालिया हमलों से होर्मुज स्‍ट्रेट के बंद रहने की अवधि और बढ़ सकती है। साथ ही, इससे ईरानी सशस्त्र बल विदेशी हस्तक्षेप का मुकाबला करने के लिए और अधिक दृढ़ हो जाएंगे। शिन्हुआ समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, आईआरजीसी ने कहा क‍ि अमेरिका ने दक्षिणी ईरान के तटीय क्षेत्रों में कई नागरिक ठिकानों पर हमला किया। संगठन ने दावा किया कि यह कार्रवाई अमेरिका ने ‘हताशा’ में की और यह होर्मोजगान प्रांत में एक शादी समारोह पर हुए कथित अमेरिकी हमले के बाद की गई। जॉर्डन की सशस्त्र सेना (जेएएफ) ने बाद में बताया कि मंगलवार शाम उसकी वायु रक्षा प्रणाली ने ईरान की ओर से आए 13 में से 10 बैलिस्टिक मिसाइलों को मार गिराया। जॉर्डन के अनुसार, बाकी तीन मिसाइलें आबादी वाले क्षेत्रों से दूर गिरीं और किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। ईरान की अर्ध-सरकारी फार्स न्यूज एजेंसी ने होर्मोजगान प्रांत के राजनीतिक एवं सुरक्षा मामलों के उप-गवर्नर अहमद नफीसी के हवाले से कहा कि सिरिक काउंटी में एक शादी समारोह को निशाना बनाए गए अमेरिकी हमले में कम से कम पांच लोगों की मौत हुई। मृतकों में एक चार साल का बच्चा और एक महिला भी शामिल हैं। 50 से अधिक लोग घायल बताए गए हैं। मंगलवार शाम दक्षिणी ईरान के कई इलाकों में धमाकों की आवाजें सुनी गईं। इसी दौरान अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्‍स’ पर आईआरजीसी के ठिकानों पर हमले शुरू करने की घोषणा की। ईरानी मीडिया के अनुसार, धमाकों की आवाजें सिरिक, बंदर अब्बास, केशम, जास्क, कोनारक, चाबहार, जीरोफ्त और असलूयेह सहित कई क्षेत्रों में सुनी गईं। ईरान के प्रमुख सैन्य कमांड खातम अल-अंबिया सेंट्रल मुख्यालय ने एक बयान में कहा कि अमेरिकी ‘हवाई आक्रमण’ के जवाब में ईरानी सशस्त्र बल अमेरिका को ‘कड़ा और करारा जवाब’ देंगे। बयान में कहा गया कि ईरान अपनी सुरक्षा और राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाना जारी रखेगा।